विवेक ओबेरॉय ने सलमान खान के समर्थन में कही बड़ी बात मनोरंजन जगत में आए दिन किसी न किसी मुद्दे पर हस्तियों के बयान सामने आते रहते हैं, और इस बार अभिनेता विवेक ओबेरॉय ने अपने हालिया बयानों से सभी का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, उन्होंने इंडस्ट्री के जाने-माने अभिनेता सलमान खान के समर्थन में खुलकर अपनी बात रखी है और शारीरिक बनावट या रूप-रंग के आधार पर किसी का मजाक उड़ाए जाने वाले विषय पर अपनी स्पष्ट राय साझा की है। इस दौरान उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि किस प्रकार फिल्म उद्योग से जुड़े कलाकारों को अक्सर सार्वजनिक मंचों पर इस तरह की अनुचित टिप्पणियों का सामना करना पड़ता है, जो उनके मानसिक स्वास्थ्य को गहराई से प्रभावित करती हैं। उनके इस बयान को फिल्म इंडस्ट्री के भीतर आपसी संबंधों और हालिया परिदृश्य में एक बड़े बदलाव के संकेत के रूप में देखा जा रहा है, क्योंकि दोनों कलाकारों के बीच के पुराने समीकरणों को लेकर मीडिया में हमेशा से ही तमाम तरह की चर्चाएं होती रही हैं। इस प्रकार की मुखरता ने एक बार फिर से इस बात को रेखांकित कर दिया है कि किस प्रकार संकट या कठिन समय के दौरान सह-कलाकार एक-दूसरे के पक्ष में खड़े होने से पीछे नहीं हटते हैं।
इंडस्ट्री में बॉडी शेमिंग के बढ़ते चलन पर गहरी चिंता भारतीय फिल्म उद्योग में पिछले कुछ वर्षों के दौरान कलाकारों के वजन, कद-काठी और शारीरिक बनावट को लेकर की जाने वाली टिप्पणियों यानी बॉडी शेमिंग का मुद्दा काफी गंभीर रूप ले चुका है। सोशल मीडिया के इस दौर में हर एक सेलिब्रिटी को हर पल परखा जाता है और छोटी से छोटी शारीरिक कमी को भी ट्रोलर्स द्वारा बड़ा मुद्दा बना दिया जाता है, जिससे कलाकारों के निजी जीवन के साथ-साथ उनके पेशेवर जीवन पर भी भारी दबाव बनता है। इस तरह के माहौल में जब मुख्य धारा का कोई प्रसिद्ध अभिनेता आगे आकर इस संवेदनशीलता को समझता है और इसका खुलकर विरोध करता है, तो यह पूरे समाज और फिल्म बिरादरी के लिए एक सकारात्मक संदेश देता है। मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों का हमेशा से यह मानना रहा है कि लगातार आलोचनाओं और नकारात्मक टिप्पणियों का सामना करने से किसी भी व्यक्ति का आत्मविश्वास डगमगा सकता है, चाहे वह कितना ही बड़ा सितारा क्यों न हो। ऐसे में इस प्रकार के बयानों से न केवल पीड़ित कलाकारों को संबल मिलता है, बल्कि आम जनता में भी एक परिपक्व और संवेदनशील सोच विकसित होती है कि किसी के भी शरीर या रूप पर छींटाकशी करना पूरी तरह से अनुचित है।
फिल्मी गलियारों में शुरू हुई नई चर्चा और भविष्य का असर विवेक ओबेरॉय के इस ताज़ा बयान के सामने आने के बाद से ही फिल्म जगत के भीतर और सोशल मीडिया के विभिन्न मंचों पर इस विषय पर व्यापक स्तर पर प्रतिक्रियाएं आनी शुरू हो गई हैं। प्रशंसक और अन्य कलाकार भी इस मुद्दे पर अपनी-अपनी राय रख रहे हैं, जिससे यह साफ जाहिर होता है कि यह विषय कितना प्रासंगिक और संवेदनशील है। आने वाले समय में इस बात की पूरी संभावना है कि अन्य फिल्मी हस्तियां भी इस मुहिम से जुड़ेंगी और सोशल मीडिया पर होने वाली अवांछित ट्रोलिंग तथा बॉडी शेमिंग के खिलाफ खुलकर अपनी आवाज बुलंद करेंगी। उद्योग के जानकारों का मानना है कि इस तरह के बयानों से कलाकारों के बीच आपसी दूरियां कम होने में मदद मिलती है और वे एक मजबूत मोर्चे के रूप में ऐसी नकारात्मक प्रवृत्तियों का मुकाबला कर पाते हैं। जब बड़े सितारे इस प्रकार के मुद्दों पर खुलकर बोलते हैं, तो उसका प्रभाव दूरगामी होता है और इसका असर आने वाली युवा पीढ़ी के कलाकारों पर भी पड़ता है जो अक्सर ऐसे वरिष्ठों से प्रेरणा लेते हैं।