कंटाप
NEWS
शुक्रवार, 28 अगस्त 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
नेपाल में बाढ़ : चीन पर उठ रहे सवालों पर क्या कह रहा है अंतरराष्ट्रीय मीडिया      भारत ने दो बार बुलाया, तारिक रहमान नहीं आए; विवाद के बावजूद बालेन शाह ने दिल्ली क्यों चुनी?      उत्तराखंड पर मंडराया खतरा, ग्लेशियरों के पिघलने से उच्च हिमालयी क्षेत्र में बनीं 77 नई झीलें      Raksha Bandhan 2026 Wishes: बड़े भाई से छोटे भाई तक, हर रिश्ते के लिए भेजें ये खास मैसेज, दिल में घुल जाएगा...      सोनिया गांधी पर किताब प्रकाशित नहीं करेगा पेंगुइन इंडिया, संपादकीय बदलाव से लेखिका का इनकार      Raksha Bandhan 2026: आज पूरे दिन पंचक, सुबह का मुहूर्त निकला, दोपहर में कब बांधें राखी?      अभिजीत दीपके ने अरविंद केजरीवाल को पछाड़ दिया! सर्वे में CJP चीफ ने चौंकाया      भारत खरीदेगा दुनिया का सबसे खतरनाक एंटी-टैंक मिसाइल सिस्टम 'जैवलिन', क्यों खास है ये अमेरिकी हथियार     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹ | SILVER (10g) ₹ | USD/INR ₹ | CRUDE OIL $ | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
खेल

खेलेंगे तो खिलेंगे: मंडला में आयोजित खेलो इंडिया संवाद कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री मोदी के संदेश का हुआ विस्तार

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रेरणादायक 'जो खेलेगा, वो खिलेगा' मंत्र को आगे बढ़ाते हुए मंडला जिले में खेलो इंडिया संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें खेल मैदानों और प्रतिभाओं को निखारने पर विशेष जोर दिया गया।

A
Ankit Yadav
27 अग 2026, 18:53
खेलेंगे तो खिलेंगे: मंडला में आयोजित खेलो इंडिया संवाद कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री मोदी के संदेश का हुआ विस्तार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शी सोच का असर देश के दूर-दराज के इलाकों में भी साफ तौर पर दिखाई दे रहा है। हाल ही में मंडला जिले में खेलो इंडिया संवाद का आयोजन किया गया, जिसका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण अंचलों की छिपी हुई खेल प्रतिभाओं को एक उचित मंच प्रदान करना और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करना था। इस कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री के प्रसिद्ध और बेहद लोकप्रिय संदेश 'जो खेलेगा, वो खिलेगा' को रेखांकित किया गया। यह मंत्र न केवल शारीरिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देता है, बल्कि मानसिक रूप से भी युवाओं को मजबूत बनाने का कार्य करता है। खेलकूद के माध्यम से किस प्रकार युवाओं का सर्वांगीण विकास किया जा सकता है, इस पर विस्तार से चर्चा की गई और स्थानीय स्तर पर खेल संस्कृति को मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराई गई।

खेल मैदानों और बुनियादी ढांचे का विकास

कार्यक्रम के दौरान मंत्री उइके ने खेल मैदानों और ग्रामीण क्षेत्रों में खेलकूद से जुड़ी बुनियादी सुविधाओं की वर्तमान स्थिति और भविष्य की योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उनका कहना था कि सरकार का मुख्य लक्ष्य हर गांव और कस्बे तक खेल सुविधाओं को पहुंचाना है ताकि किसी भी प्रतिभाशाली युवा को उचित संसाधनों के अभाव का सामना न करना पड़े। जब तक धरातल पर अच्छे खेल मैदान, कोचिंग और खेल उपकरण उपलब्ध नहीं होंगे, तब तक खेलो इंडिया अभियान अपनी पूरी क्षमता के साथ सफल नहीं हो सकता। इस संवाद सत्र में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, खेल प्रेमियों और युवाओं ने भारी संख्या में हिस्सा लिया और अपने विचार साझा किए। खेल के प्रति युवाओं का यह उत्साह इस बात का प्रमाण है कि देश में खेलों के प्रति जागरूकता तेजी से बढ़ रही है और आने वाले समय में यहां से कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी निकलकर सामने आएंगे।

युवाओं में उत्साह और भविष्य की योजनाएं

खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए देश भर में कई प्रकार की योजनाएं चलाई जा रही हैं, और मंडla का यह संवाद कार्यक्रम उसी दिशा में एक और महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ है। इस तरह के आयोजनों से न केवल बच्चों और युवाओं में खेलों के प्रति रुचि बढ़ती है, बल्कि उन्हें एक स्पष्ट दिशा भी मिलती है। विशेषज्ञों का मानना है कि खेल अनुशासन, टीम भावना और कठिन परिस्थितियों में निर्णय लेने की क्षमता सिखाते हैं, जो जीवन के हर क्षेत्र में उपयोगी साबित होती है। आने वाले दिनों में इस प्रकार के संवाद कार्यक्रमों को और अधिक व्यापक स्तर पर आयोजित करने की योजना बनाई जा रही है ताकि अधिक से अधिक युवाओं को जोड़ा जा सके। सरकार और स्थानीय प्रशासन का संयुक्त प्रयास यह सुनिश्चित कर रहा है कि खेलकूद को केवल एक शौक के रूप में नहीं, बल्कि करियर और राष्ट्र निर्माण के एक मजबूत माध्यम के रूप में देखा जाए।
कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज