मारांगबुरू फुटबॉल प्रतियोगिता का शानदार समापन
गुड़ाबांदा प्रखंड के अंतर्गत आने वाली अंगारपाड़ा पंचायत के मंदा गांव में मारांगबुरू क्लब की ओर से फुटबॉल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया था। यह आयोजन दो दिनों तक चला और इसका समापन गुरुवार को संपन्न हुआ। प्रतियोगिता का यह दसवां वर्ष था जिसमें आसपास के क्षेत्र की कुल सोलह दिग्गज टीमों ने हिस्सा लिया था। सभी प्रतिभागियों ने मैदान पर अपने खेल कौशल का बेहतरीन प्रदर्शन किया और दर्शकों को रोमांचित कर दिया। प्रतियोगिता के अंतिम दिन खिताबी मुकाबला खेला गया जिसमें दो बेहतरीन टीमें आमने-सामने थीं। इस अंतिम मैच में सोरेन एंड किस्कू एफसी और तारास गाड़ा एफसी के बीच कड़ी टक्कर देखने को मिली। दोनों पक्षों के खिलाड़ियों ने मैदान पर अपनी पूरी ताकत झोंक दी और उत्कृष्ट खेल भावना का परिचय दिया। मैच के दौरान खेल प्रेमियों का उत्साह भी देखते ही बनता था जो अपनी पसंदीदा टीमों का हौसला बढ़ाने के लिए बड़ी संख्या में वहां उपस्थित थे।
खिताबी मुकाबले में सोरेन एंड किस्कू एफसी की जीत
गुरुवार को आयोजित निर्णायक मुकाबले में सोरेन एंड किस्कू एफसी ने शानदार खेल दिखाते हुए जीत हासिल की। उन्होंने अपने प्रतिद्वंद्वी तारास गाड़ा एफसी को पराजित किया और विजेता ट्रॉफी पर अपना कब्जा जमाया। हालांकि तारास गाड़ा एफसी की टीम को इस मुकाबले में हार का सामना करना पड़ा और उन्हें उप-विजेता के रूप में संतोष करना पड़ा। इस खिताबी मुकाबले के दिन मूसलाधार बारिश भी हो रही थी लेकिन यह खराब मौसम खिलाड़ियों और खेल प्रेमियों के उत्साह को कम नहीं कर सका। भारी बारिश के कारण मैदान पर काफी कीचड़ हो गया था और जमीन पूरी तरह से फिसलन भरी हो गई थी। इसके बावजूद दोनों पक्षों के खिलाड़ियों ने मैदान पर अद्भुत तालमेल दिखाया और आक्रामक खेल शैली का प्रदर्शन किया। खिलाड़ियों के इस जज्बे को देखकर वहां मौजूद सभी दर्शक पूरी तरह से रोमांचित हो उठे। मैच की समाप्ति के पश्चात एक विशेष पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन किया गया था जिसमें मुख्य अतिथियों ने विजेता और उप-विजेता दोनों टीमों को ट्रॉफी तथा पुरस्कार राशि प्रदान करके सम्मानित किया।
अतिथियों की उपस्थिति और युवाओं के लिए प्रेरणा
पुरस्कार वितरण समारोह के दौरान उपस्थित प्रतिष्ठित अतिथियों ने सभी खिलाड़ियों का मार्गदर्शन किया और उनका उत्साहवर्धन किया। अतिथियों ने युवाओं को संबोधित करते हुए हमेशा खेल भावना को बनाए रखने के लिए विशेष रूप से प्रेरित किया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि युवाओं को खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहिए जिससे वे अपने पूरे क्षेत्र का नाम रोशन कर सकें। इस अवसर पर समाज के कई गणमान्य लोग और आयोजन समिति के सदस्य भी प्रमुख रूप से मौजूद रहे। कार्यक्रम में मुखिया सलमा किस्कू, रविलाल सोरेन, श्यामपद टुडू और पदमो लोचन बेरा ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इसके साथ ही आयोजन समिति के अध्यक्ष सीताराम मुर्मू के अलावा आचाम किस्कू तथा रविशंकर टुडू भी वहां उपस्थित थे। बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण भी इस खेल आयोजन के साक्षी बने और उन्होंने खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाया। इस दो दिवसीय प्रतियोगिता के सफलताપૂર્વક संपन्न होने से स्थानीय युवाओं में खेल के प्रति एक नया उत्साह देखने को मिला है जो भविष्य के लिए बहुत सकारात्मक संकेत है।