कंटाप
NEWS
शुक्रवार, 28 अगस्त 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
नेपाल में बाढ़ : चीन पर उठ रहे सवालों पर क्या कह रहा है अंतरराष्ट्रीय मीडिया      Balen Shah India: भारत ने बाढ़ के महासंकट में न‍िभाई दोस्‍ती, नेपाली PM बालेन शाह पहले विदेशी दौरे पर आएंगे द‍िल्‍ली      Raksha Bandhan 2026 Wishes: बड़े भाई से छोटे भाई तक, हर रिश्ते के लिए भेजें ये खास मैसेज, दिल में घुल जाएगा...      सोनिया गांधी की किताब में क्या है कि पेंगुइन ने छापने से किया इनकार, कौन सा हिस्सा हटाने को कहा      कैलाश मानसरोवर यात्रा का तिब्बत रूट कितना मुश्किल है, रास्ते में क्या चुनौतियां आती हैं?      ₹22,000 करोड़ के कर्ज का सिर्फ ₹6.5 करोड़ में निपटारा: NCLT ने सुभाष चंद्रा के रीपेमेंट प्लान को मंजूरी दी;...      अभिजीत दीपके ने अरविंद केजरीवाल को पछाड़ दिया! सर्वे में CJP चीफ ने चौंकाया      CM विजय तय सीट छोड़कर मंत्रियों के बीच बैठे: सदन की कार्यवाही में हिस्सा लिया, तमिलनाडु विधानसभा में ऐसा पह...     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹ | SILVER (10g) ₹ | USD/INR ₹ | CRUDE OIL $ | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
देश ब्रेकिंग

उत्तर प्रदेश के बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज

लगातार हो रही बारिश के कारण उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं, प्रशासन अलर्ट पर है।

X
Kantap News डेस्क
01 अग 2026, 11:07
उत्तर प्रदेश के बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत कार्य तेज

उत्तर प्रदेश के पूर्वी और मध्य जिलों में पिछले 48 घंटों से हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। राप्ती और सरयू नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं, जिससे गोरखपुर, बस्ती और गोंडा जैसे जिलों के दर्जनों गांव जलमग्न हो गए हैं। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (SDMA) ने स्थिति को देखते हुए हाई अलर्ट घोषित कर दिया है। मुख्यमंत्री ने आज प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण किया और अधिकारियों को युद्ध स्तर पर राहत सामग्री पहुँचाने के निर्देश दिए हैं। एनडीआरएफ की कई टीमें बचाव कार्यों में तैनात की गई हैं, जो फंसे हुए लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुँचा रही हैं।

प्रशासन द्वारा प्रभावित इलाकों में कम्युनिटी किचन और अस्थाई आश्रय स्थल बनाए गए हैं, जहाँ विस्थापित परिवारों को भोजन और चिकित्सा सहायता दी जा रही है। स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि जलजनित बीमारियों को फैलने से रोकने के लिए बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में शिविर लगाकर दवाइयां वितरित की जाएं। अब तक हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित किया जा चुका है, लेकिन कृषि भूमि का भारी नुकसान हुआ है। धान की खड़ी फसलें पूरी तरह से बर्बाद हो गई हैं, जिससे किसानों में भारी चिंता है। कृषि विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि वे जल्द से जल्द नुकसान का आकलन करके रिपोर्ट सौंपें ताकि किसानों को मुआवजा दिया जा सके।

आने वाले दिनों में मौसम विभाग ने और अधिक बारिश की चेतावनी दी है, जिसके चलते जिला प्रशासन ने सभी स्कूल और कॉलेजों को तीन दिनों के लिए बंद करने का आदेश दिया है। बिजली आपूर्ति बहाल करने और क्षतिग्रस्त पुलों की मरम्मत का काम भी प्राथमिकता के आधार पर शुरू किया जा रहा है। स्थानीय लोगों से अपील की गई है कि वे प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें और अफवाहों पर ध्यान न दें। सरकार ने हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं, ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति में तुरंत मदद मिल सके। स्थिति पर निरंतर नजर रखी जा रही है और राहत कार्यों की निगरानी खुद वरिष्ठ अधिकारी कर रहे हैं।

कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज