कंटाप
NEWS
गुरुवार, 22 अक्तूबर 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
PM बोले-कुछ लोग विदेशों में भारत को बदनाम कर रहे: कांग्रेस कब तक अपने फेल प्रोडक्ट की लॉन्चिंग के लिए देश क...      मुझे गालियां पड़ेंगी, लेकिन...; योगेंद्र यादव ने कहा- अभी मोदी का इस्तीफा नहीं चाहते लोग      सऊदी अरब में दो बांग्लादेशियों को मौत की सज़ा दिए जाने से जुड़े वे सवाल जो हैं अनसुलझे      Rain Alert: बन गया है कम दबाव का क्षेत्र, इन राज्यों में होने जा रही मूसलाधार बारिश, आंधी तूफान का भी अलर्ट      Tiger Shroff Attack Case में बड़ा खुलासा, वारदात से पहले शूटरों ने की थी बंदूक चलाने की प्रैक्टिस, हुआ था म      'पाकिस्तान को अलग-थलग नहीं कर सकता भारत', मार्को रुबियो के बयान पर बोले पाकिस्तानी डिफेंस एक्सपर्ट      सोनम वांगचुक का केंद्र पर आरोप, बोले- लद्दाख से किए वादे पूरे करे सरकार      AIIMS से डीम्ड यूनिवर्सिटीज तक... NEET UG काउंसलिंग के बाद क्यों खाली रह गईं MBBS सीटें?     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹— | SILVER (10g) ₹— | USD/INR ₹— | CRUDE OIL $— | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
लाइफस्टाइल

रिलेशनशिप उलझन: 28 साल के युवक की गर्लफ्रेंड 4 साल बड़ी है, दोस्तों के मजाक से मन में उठ रहे हैं सवाल

नोएडा की क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट जया सुकुल के पास पहुंचे एक मामले में 28 वर्षीय युवक ने अपनी बड़ी उम्र की गर्लफ्रेंड को लेकर दोस्तों के ताने मिलने की बात कही है। डेढ़ साल पुराने इस गंभीर रिश्ते में बाहरी टिप्पणियों के कारण अब मानसिक तनाव पैदा होने लगा है।

A
Ankit Yadav
21 अक्ट 2026, 12:52
रिलेशनशिप उलझन: 28 साल के युवक की गर्लफ्रेंड 4 साल बड़ी है, दोस्तों के मजाक से मन में उठ रहे हैं सवाल

मित्रों के ताने और मन में उभरती हुई उलझनें

वर्तमान समय में 28 वर्ष की आयु वाले एक युवक ने अपनी पर्सनल लाइफ से जुड़ा हुआ गंभीर सवाल उठाया है। वह पिछले डेढ़ साल से एक ऐसी युवती के साथ प्रेम संबंध में है जो उम्र में उससे पूरे 4 साल बड़ी है। दोनों ही अपने इस आपसी बंधन को लेकर अत्यधिक गंभीर हैं और आने वाले कल में इसे आगे ले जाने का पूरा विचार रखते हैं। हालांकि जब यह युवक अपने दोस्तों के साथ वक्त बिताता है तो स्थिति बदल जाती है। उसके साथी अक्सर उसकी पार्टनर की उम्र को लेकर तरह-तरह की फब्तियां कसते हैं और उसका उपहास उड़ाते हैं। शुरुआत के दिनों में उसने इस तरह की बातों को महज हंसी में उड़ा दिया था और उन पर खास ध्यान नहीं दिया था। लेकिन अब लगातार मिलने वाले इन तानों और टिप्पणियों ने उसे अंदर से परेशान करना शुरू कर दिया है। कभी-कभी उसके मन में यह विचार भी कौंधने लगता है कि क्या वास्तव में यह उम्र का अंतर आने वाले समय में उनके प्रेम जीवन के लिए किसी प्रकार की बड़ी मुसीबत का कारण बन सकता है। उसे बिल्कुल समझ नहीं आ रहा है कि वह अपने यारों को किस प्रकार से मुंहतोड़ जवाब दे और अपने भीतर उठ रहे इन तमाम असहज करने वाले प्रश्नों से किस तरह से निपटे।

मनोवैज्ञानिक विश्लेषण और सोशल इन्फ्लुएंस का प्रभाव

इस विषय पर नोएडा में कार्यरत क्लिनिकल साइकोलॉजिस्ट जया सुकुल ने विस्तार से रोशनी डालते हुए अपनी बात रखी है। उनका कहना है कि साथियों की बातें सुनकर अपने ही साथी के साथ चल रहे रिश्ते को लेकर असमंजस में पड़ जाना पूरी तरह से स्वाभाविक प्रतिक्रिया है। जब कोई इंसान किसी आपसी जुड़ाव को लेकर पूरी तरह गंभीर होता है, तो इस प्रकार की बाहरी टिप्पणियां उसे सामान्य से बहुत अधिक प्रभावित करती हैं। हालांकि वास्तविकता यह है कि किसी भी जोड़े के बीच उम्र का फासला अपने आप में कभी भी किसी समस्या की जड़ नहीं बनता है। दिक्कतें असल मायनों में तब जन्म लेती हैं जब आसपास के दूसरे लोगों के विचार हमारे कोमल मन को प्रभावित करने लग जाते हैं। मित्रों की कही गई बातें सुनकर इंसान अपने ही उस पक्के निर्णय पर शक करने लगता है जिस पर उसे पहले पूरा भरोसा था। मनोविज्ञान की भाषा में इस पूरी स्थिति को सोशल इन्फ्लुएंस कहा जाता है, जिसका अर्थ है कि हम यह चाहते हैं कि हमारे करीबी मित्र हमारे हर फैसले को सहर्ष स्वीकार करें। उनकी राय हमारे जीवन में एक खास अहमियत रखती है, इसीलिए जब वे हमारे किसी चुनाव का मजाक बनाते हैं तो हमें अपने ही निर्णयों पर संदेह होने लगता है। इसका कदापि यह अर्थ नहीं है कि आपका साथी या आपका प्रेम संबंध किसी भी स्तर पर गलत है।

सीमाएं तय करना और आपसी संवाद की अहमियत

इस मानसिक दबाव से बाहर निकलने के लिए विशेषज्ञ ने कुछ बहुत ही जरूरी बातों का पालन करने की सलाह दी है। मित्रों के समूह के बीच हल्का-फुल्का मजाक होना बहुत आम बात है, लेकिन हर मजाक की एक निश्चित सीमा जरूर तय होती है। जब किसी का उपहास आपकी सहनशक्ति पर भारी पड़ने लगे तो उसके सामने अपनी असहमति जताना बेहद आवश्यक हो जाता है। अपनी बात को मजबूती से रखने के लिए किसी भी प्रकार का गुस्सा करने या बहस में पड़ने की कोई जरूरत नहीं होती है। अगली बार जब वे साथी आपकी प्रेमिका की उम्र को लेकर तंज कसें, तो आप पूरी तरह शांत रहकर उन्हें स्पष्ट शब्दों में अपनी भावना बता सकते हैं। आप उनसे सीधे तौर पर कह सकते हैं कि आप दोनों साथ में खुश हैं और उम्र से कोई फर्क नहीं पड़ता। इस तरह से आप अपने दायरे और मर्यादाओं की एक साफ लकीर खींच देते हैं जिससे सामने वाले को बात समझ आ जाती है। इसके साथ ही आपको अपनी पार्टनर के साथ भी खुलकर संवाद स्थापित करने की जरूरत है ताकि मन की हर बात साफ हो सके। बातचीत करते वक्त इस बात का खास ख्याल रखा जाना चाहिए कि आपके शब्दों से आपकी प्रेमिका को किसी भी तरह की शर्मिंदगी या असहजता महसूस न हो। एक मजबूत और खुशहाल रिश्ता हमेशा आपसी भरोसे, गहरे सम्मान और भावनात्मक सुरक्षा की मजबूत नींव के ऊपर ही खड़ा होता है।

कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज