आईफोन डूओ की स्क्रीन में तकनीकी खामियों का मामला
ऐपल के पहले फोल्डेबल स्मार्टफोन आईफोन डूओ के उपयोगकर्ताओं ने डिवाइस की इनर स्क्रीन को लेकर गंभीर शिकायतें दर्ज कराई हैं। कई ग्राहकों ने बताया है कि फोन की अंदरूनी स्क्रीन पर अचानक क्रैक आने लगे हैं और उस पर चमकदार हरी रंग की रेखाएं दिखाई दे रही हैं। यह समस्या मुख्य रूप से फोल्डिंग क्रीज के आसपास देखी गई है, जो डिवाइस के मुड़ने वाले हिस्से के पास है। कुछ उपयोगकर्ताओं ने फोन को खोलने के दौरान असामान्य रुकावट महसूस होने और आवाज आने की भी शिकायत की है। इन तकनीकी समस्याओं ने डिवाइस की निर्माण गुणवत्ता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि ऐपल ने स्वीकार किया है कि कुछ यूनिट्स में यह समस्या मौजूद है, लेकिन अभी तक कंपनी ने प्रभावित फोन की सटीक संख्या या खराबी के स्पष्ट तकनीकी कारण का खुलासा नहीं किया है। कंपनी ने प्रभावित ग्राहकों को ऐपल केयर के माध्यम से अपने फोन बदलवाने का सुझाव दिया है।
सप्लायर फाइन-एमटेक ने आरोपों को किया खारिज
डिवाइस के हिंज और डिस्प्ले कंपोनेंट बनाने वाली दक्षिण कोरियाई कंपनी फाइन-एमटेक ने 26 अक्टूबर को आधिकारिक बयान जारी कर अपने उत्पादों में खराबी के दावों को सिरे से नकार दिया है। कंपनी ने स्पष्ट किया कि बाजार में फोल्डेबल फोन के साथ सामने आई समस्याएं उनके द्वारा सप्लाई किए गए पुर्जों की वजह से नहीं हैं। फाइन-एमटेक ने कहा कि किसी तैयार डिवाइस में आई खराबी के लिए बिना उचित तकनीकी जांच के किसी एक पार्ट को जिम्मेदार ठहराना सही नहीं है। कंपनी ने चेतावनी दी है कि जो भी व्यक्ति या संस्था उनकी प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने वाली गलत जानकारी फैलाएगी, उसके खिलाफ वे कानूनी कदम उठा सकते हैं। हालांकि कंपनी ने अभी किसी के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं किया है, लेकिन वे इस विकल्प पर गंभीरता से विचार कर रहे हैं। फाइन-एमटेक ने यह भी दोहराया कि उनके सभी कंपोनेंट उच्च गुणवत्ता मानकों और ग्राहकों की तकनीकी जरूरतों के अनुसार तैयार किए जाते हैं।
विवाद की पृष्ठभूमि और भविष्य की चुनौतियां
आईफोन डूओ के लॉन्च के बाद से ही इसके हिंज मैकेनिज्म और स्क्रीन सपोर्ट सिस्टम की जांच शुरू हो गई है। बाजार विश्लेषकों का मानना है कि जब तक पूरी तकनीकी जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक किसी एक कंपनी को दोषी करार देना जल्दबाजी होगी। इस पूरे विवाद में दो मुख्य पहलू उभर कर सामने आए हैं। पहला यह कि क्या स्क्रीन की यह समस्या किसी वास्तविक तकनीकी खामी का नतीजा है या यह केवल मैन्युफैक्चरिंग प्रक्रिया से जुड़ी सामान्य दिक्कत है। दूसरा पहलू सप्लायर की कानूनी धमकी से जुड़ा है, जो यह दर्शाता है कि कंपनियां अपनी बाजार साख को लेकर कितनी सतर्क हैं। फिलहाल प्रभावित ग्राहकों को अपने उपकरणों को बदलने के लिए ऐपल केयर की सहायता लेने का निर्देश दिया गया है। जब तक ऐपल और उसके सप्लायर इस मामले की विस्तृत जांच रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं करते, तब तक उपयोगकर्ताओं के बीच असमंजस की स्थिति बनी रहेगी।