ओसलो में भारतीय दूतावास का दौरा
हिमाचल प्रदेश विधानसभा के माननीय अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां अपनी विदेश यात्रा के दौरान नॉर्वे की राजधानी ओसलो पहुंचे। ओसलो पहुंचने पर उन्होंने स्थानीय भारतीय दूतावास का दौरा किया और वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस आधिकारिक यात्रा के दौरान उनके साथ अन्यशिष्ट प्रतिनिधि भी मौजूद रहे। दूतावास परिसर में पहुंचने पर भारतीय अधिकारियों ने उनका गर्मजोशी के साथ स्वागत किया। इस महत्वपूर्ण दौरे का मुख्य उद्देश्य विदेशी धरती पर देश के प्रतिनिधियों के साथ संवाद स्थापित करना और द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करना रहा है। ओसलो स्थित भारतीय दूतावास में उन्होंने कूटनीतिक चर्चाओं में हिस्सा लिया और प्रवासी भारतीयों से जुड़े विभिन्न विषयों पर भी बातचीत की। इस प्रकार की यात्राएं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आपसी सहयोग को बढ़ावा देने में काफी मददगार साबित होती हैं। कुलदीप सिंह पठानियां ने इस दौरान दूतावास के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों से मुलाकात की और उनके कार्यों की सराहना की।
दूतावास प्रमुख के साथ अहम मुलाकात
भारतीय दूतावास पहुंचने के बाद विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां ने वहां के प्रमुख से औपचारिक भेंट की। इस विशेष मुलाकात के दौरान दोनों पक्षों के बीच कई महत्वपूर्ण विषयों पर सकारात्मक चर्चा हुई। दूतावास प्रमुख ने उन्हें नॉर्वे में भारतीय समुदाय की स्थिति और उनकी गतिविधियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। कुलदीप सिंह पठानियां ने इस दौरान भारत और नॉर्वे के बीच आपसी संबंधों को और अधिक सुदृढ़ बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि इस तरह के संवाद से दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक और वैचारिक आदान-प्रदान को बढ़ावा मिलता है। इस बैठक में स्थानीय स्तर पर हो रहे विकास कार्यों और प्रवासी भारतीयों के कल्याण से जुड़े मुद्दों पर भी विचार-विमर्श किया गया। दूतावास के वरिष्ठ अधिकारियों ने इस मुलाकात को दोनों देशों के राजनयिक संबंधों के लिए एक सकारात्मक कदम बताया। इस बैठक के दौरान दोनों पक्षों ने आपसी सहयोग को भविष्य में और अधिक ऊंचाइयों तक ले जाने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया।
गांधी जयंती पर अर्पित की श्रद्धांजलि
इस आधिकारिक दौरे के महत्वपूर्ण हिस्से के रूप में कुलदीप सिंह पठानियां ने गांधी जयंती के अवसर पर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। ओसलो स्थित भारतीय दूतावास परिसर में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम के दौरान उन्होंने महात्मा गांधी के जीवन और उनके विचारों को याद किया। उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी के सत्य और अहिंसा के संदेश आज भी पूरी दुनिया में उतने ही प्रासंगिक हैं जितने वे स्वतंत्रता संग्राम के दौरान हुआ करते थे। नॉर्वे की धरती पर इस प्रकार से महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देना प्रवासी भारतीयों के लिए भी एक गर्व का विषय रहा। उन्होंने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए बापू के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया। इस श्रद्धांजलि समारोह में दूतावास के तमाम अधिकारियों और कर्मचारियों ने भी हिस्सा लिया और राष्ट्रपिता को नमन किया। इस तरह के आयोजनों से विदेशों में रह रहे भारतीयों के मन में अपनी संस्कृति और राष्ट्रीय पर्वों के प्रति जुड़ाव और अधिक मजबूत होता है।