लखनऊ का तापमान और मौसम का हाल
राजधानी लखनऊ में पारे की स्थिति में उतार-चढ़ाव लगातार दर्ज किया जा रहा है। मंगलवार को यहां अधिकतम तापमान 31.9 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस के स्तर पर आ गया। राज्यभर के अधिकांश अन्य क्षेत्रों में भी मौसम का ऐसा ही तेवर देखने को मिला। दिन चढ़ने के साथ ही जब सूरज की किरणें तेज होती हैं, तो हल्की गर्मी का अहसास होता है। हालांकि जैसे-जैसे शाम ढलती है और रात आगे बढ़ती है, पारे में कमी आने लगती है। इस मौसमी बदलाव की वजह से रात का वक्त काफी सुहावना और आरामदायक बन जाता है। आमजन को इस दौरान उमस या भारीपन से राहत मिल रही है। सूरज की रोशनी और ठंडी हवाओं का यह मेल अक्टूबर के महीने में विशेष रूप से महसूस किया जा रहा है। मौसम विभाग के जानकारों का कहना है कि आने वाले कुछ दिनों तक इस तरह की स्थिति बनी रह सकती है। लोगों को दोपहर के समय धूप का सामना करना पड़ेगा। लेकिन जैसे ही शाम होगी, तापमान नीचे लुढ़क जाएगा।
विभिन्न जिलों में दर्ज न्यूनतम तापमान
रात के समय तापमान में हो रही इस लगातार गिरावट के कारण प्रदेश के कई इलाकों में सिहरन बढ़ गई है। सुबह और देर शाम के वक्त लोगों को अच्छी खासी ठंडक का अहसास होने लगा है। वरिष्ठ मौसम वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने इस संबंध में विस्तृत आंकड़े साझा किए हैं। उनके अनुसार हरदोई जिला इस दौरान सबसे ज्यादा ठंडा रहा जहां न्यूनतम तापमान 16 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। मुजफ्फरनगर शहर में भी ठंड का असर अच्छा खासा देखा गया और वहां न्यूनतम तापमान 16.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। इसके अलावा मेरठ जिले में भी पारा काफी नीचे रहा जहां न्यूनतम तापमान 16.7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इन आंकड़ों से साफ जाहिर होता है कि प्रदेश के मैदानी इलाकों में रात्रिकालीन तापमान सामान्य से नीचे जा रहा है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में सिहरन बाकी जगहों की तुलना में थोड़ी ज्यादा महसूस हो रही है। ग्रामीण अंचलों और खुले इलाकों में रहने वाले लोग सुबह के वक्त गर्म कपड़ों का सहारा लेने लगे हैं। मौसम विभाग इन सभी आंकड़ों पर लगातार नजर बनाए हुए है और पल-पल की रिपोर्ट अपडेट कर रहा है।
आने वाले दिनों का पूर्वानुमान और असर
मौसम विभाग की ओर से दी गई ताजा जानकारी के मुताबिक प्रदेश में मौसम का यह साफ दौर आगे भी जारी रहेगा। आगामी 25 अक्टूबर तक राज्य के किसी भी हिस्से में बारिश या आंधी की कोई संभावना नहीं है। आसमान पूरी तरह से साफ रहने का अनुमान जताया गया है जिससे धूप आसानी से खिलेगी। दिन के समय तापमान सामान्य के आसपास बना रह सकता है जिससे गर्माहट महसूस होती रहेगी। इसके विपरीत रात के वक्त पारे में और अधिक गिरावट होने के पूरे संकेत मिल रहे हैं। रात की ठंडक बढ़ने से सुबह के वक्त हल्की धुंध या कोहरे जैसी स्थिति भी बन सकती है। मौसम में आ रहे इस बदलाव का सीधा असर आम जनजीवन और दिनचर्या पर पड़ रहा है। सुबह की सैर पर निकलने वाले लोग अब हल्की जैकेट या शॉल ओढ़कर घरों से बाहर निकल रहे हैं। मौसम के जानकारों का मानना है कि अक्टूबर के अंतिम सप्ताह तक यह सुहाना और ठंडा दौर यूं ही बना रहेगा। बच्चों और बुजुर्गों को इस बदलते मौसम में सुबह-शाम की ठंड से बचने के लिए सतर्क रहने की सलाह दी गई है। किसानों के लिए भी यह साफ मौसम फसलों की कटाई और रखवाली के लिहाज से अनुकूल साबित हो रहा है।