बहसूमा में पुलिस और पशु चोरों की मुठभेड़
उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के बहसूमा थाना क्षेत्र में गुरुवार तड़के पुलिस और बदमाशों के बीच आमना-सामना हो गया। यह घटना 14 से 15 अक्टूबर की मध्यरात्रि के दौरान हुई जब स्थानीय पुलिस की टीम अपने निर्धारित क्षेत्र में नियमित गश्त कर रही थी। इसी दौरान पुलिस को मुखबिर के जरिए बेहद पुख्ता सूचना मिली थी कि गांव मोड़ खुर्द के निकट हाईवे पर दो संदिग्ध व्यक्ति एक चोरी के भैंसे के साथ मौजूद हैं। सूचना मिलते ही सतर्क हुई स्वाट टीम और बहसूमा थाने की पुलिस ने तुरंत मौके की ओर रुख किया और संदिग्धों की घेराबंदी शुरू कर दी। पुलिस को अपनी ओर आते देख आरोपियों ने किसी प्रकार की नरमी दिखाने के बजाय पुलिस दल पर सीधे गोलीबारी शुरू कर दी। आत्मरक्षा में और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल ने भी जवाबी कार्रवाई करते हुए गोलियां चलाईं। इस मुठभेड़ के दौरान पुलिस की एक गोली एक बदमाश के दाहिने पैर में जा लगी जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ा। पुलिस बल ने तुरंत तत्परता दिखाते हुए घायल बदमाश को मौके से ही धर दबोचा। हालांकि, उसका दूसरा साथी रात के घुप अंधेरे का पूरा फायदा उठाकर मौके से फरार होने में कामयाब हो गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार पकड़े गए मुख्य आरोपी की पहचान इरशाद उर्फ गंजा के रूप में हुई है जो मूल रूप से लोहियानगर, मेरठ का रहने वाला है।
हथियार और चोरी का भैंसा हुआ बरामद
पुलिस की जवाबी कार्रवाई में घायल होने के बाद आरोपी इरशाद उर्फ गंजा को पुलिस ने तुरंत अपनी गिरफ्त में ले लिया और घटनास्थल की गहन तलाशी ली। पकड़े गए आरोपी के कब्जे से पुलिस ने एक .315 बोर का अवैध तमंचा और कुछ कारतूस बरामद किए हैं। इसके साथ ही वह संदिग्ध भैंसा भी बरामद कर लिया गया जिसे आरोपी चुराकर ले जा रहे थे। पुलिस जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि यह चोरी किया गया भैंसा लोहियानगर क्षेत्र से ही चुराया गया था। मुठभेड़ के तुरंत बाद पुलिस प्रशासन ने घायल आरोपी इरशाद को फौरन इलाज के लिए मवाना के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया जहां उसका उपचार किया जा रहा है। थाना प्रभारी रविंद्र पवार ने इस पूरी कार्रवाई की जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस टीम ने मौके से सभी साक्ष्य जुटा लिए हैं। पकड़े गए आरोपी से पूछताछ के आधार पर पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई को तेजी से आगे बढ़ा रही है। इस घटना के बाद से पुलिस महकमे में अपराधियों के खिलाफ सख्त रुख देखने को मिल रहा है और पुलिस टीम हरसंभव कानूनी कदम उठा रही है। बरामद किए गए अवैध हथियार और कारतूस को पुलिस ने अपने कब्जे में लेकर मामले से जुड़े अन्य तमाम तकनीकी पहलुओं की भी गहराई से जांच शुरू कर दी है।
फरार साथी की तलाश और आगे की जांच
पुलिस और पशु चोरों के बीच हुई इस मुठभेड़ के दौरान मौके से फरार हुए दूसरे शातिर आरोपी की पहचान एहसान उर्फ हकला के रूप में की गई है। थाना प्रभारी रविंद्र पवार ने मीडिया को बताया कि फरार चल रहे एहसान उर्फ हकला को दबोचने के लिए पुलिस की कई टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। पुलिस का मानना है कि जल्द ही फरार आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा और उसे कानून के कटघरे में लाया जाएगा। इस पूरी घटना के बाद से स्थानीय इलाके में सुरक्षा व्यवस्था और अधिक कड़ी कर दी गई है तथा पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है। बरामद किए गए भैंसे के असली मालिक का पता लगाकर उसे वैधानिक प्रक्रिया के तहत मवेशी सौंपने की तैयारी की जा रही है। पुलिस इस मामले में यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि इस गिरोह ने पहले और किन-किन जगहों पर ऐसी वारदातों को अंजाम दिया है। इस सफल पुलिस कार्रवाई से क्षेत्र के अन्य अपराधियों में भी खौफ का माहौल पैदा हो गया है। पुलिस विभाग के वरिष्ठ अधिकारी पूरे घटनाक्रम पर अपनी पैनी नजर बनाए हुए हैं और फरार आरोपी की गिरफ्तारी के बाद मामले में और बड़े खुलासे होने की पूरी संभावना जताई जा रही है। पुलिस इस पूरे नेटवर्क को तोड़ने के लिए हर संभव कानूनी और तकनीकी दिशा में तेजी से आगे बढ़ रही है।