बेलौहा बाजार में चोरी की सनसनीखेज वारदात
बेलौहा बाजार इलाके में चोरों ने एक सूने मकान का ताला तोड़कर बड़ी चोरी की घटना को अंजाम दिया है जिससे इलाके में हड़कंप मच गया है। बेलौहा बाजार की रहने वाली रेनू चौधरी गत पच्चीस सितंबर को अपनी चिकित्सीय जांच और दवा लेने के लिए गोरखपुर शहर गई हुई थीं। उनके घर पर उस समय उनकी मां इंद्रपरी और बेटी अंजली मौजूद थीं जो बाद में घर पर ताला लगाकर अपने गांव चली गईं। इसी खालीपन का फायदा उठाकर अज्ञात चोर मकान के अंदर दाखिल हो गए और बक्से का ताला तोड़कर अंदर रखे कीमती सामान को अपने साथ ले गए। जब परिवार सत्ताईस सितंबर को वापस अपने घर लौटा तो मुख्य दरवाजे का ताला टूटा हुआ मिला और अंदर का सारा सामान अस्त-व्यस्त पड़ा देखकर उनके होश उड़ गए। चोरों ने घर की अलमारियों और बक्से को पूरी तरह खंगाल डाला था जिससे पीड़ित परिवार को भारी नुकसान उठाना पड़ा है। इस घटना के बाद से स्थानीय निवासियों में असुरक्षा का माहौल बना हुआ है और लोग इस तरह की दुस्साहसिक वारदातों से काफी चिंतित नजर आ रहे हैं।
जेवर और नकदी समेत जरूरी दस्तावेज गायब
पीड़ित परिवार के अनुसार चोरों ने घर के अंदर रखे बक्से और गुल्लक का ताला तोड़कर उसमें रखी नकदी और कीमती सामान पर हाथ साफ कर दिया। चोरों ने सोने और चांदी के तमाम जेवरों के अलावा घर के कपड़े और अन्य जरूरी सामान भी पूरी तरह से तितर-बितर कर दिए। इतना ही नहीं चोरों ने घर में रखे आधार कार्ड और अन्य महत्वपूर्ण कागजातों को भी अपने साथ चुरा लिया जिससे परिवार को अब आधिकारिक कार्यों के लिए भी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। घटना की जानकारी मिलते ही पीड़िता रेनू चौधरी ने तुरंत खेसरहा थाने पहुंचकर पुलिस को इस संबंध में लिखित तहरीर दी। उन्होंने पुलिस से चोरी गए सभी सामानों की बरामदगी कराने और इस घटना में शामिल आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की पुरजोर मांग की है। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत और दी गई तहरीर के आधार पर तत्काल मुकदमा दर्ज कर लिया है और मामले की गहराई से जांच शुरू कर दी है। थाना प्रभारी रामकृष्ण मिश्रा का कहना है कि पुलिस टीम हर पहलू से मामले की जांच कर रही है और जल्द ही इस चोरी की वारदात का पूरी तरह से खुलासा कर दिया जाएगा।
बंद मकानों की सुरक्षा और पुलिस गश्त पर सवाल
बेलौहा बाजार में दिनदहाड़े या सुनसान घरों को निशाना बनाकर हो रही चोरी की इस घटना के बाद स्थानीय लोगों के बीच चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया है। आम नागरिक अब अपने बंद मकानों की सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता व्यक्त कर रहे हैं और पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठा रहे हैं। लोगों का कहना है कि यदि रात के समय पुलिस की गश्त व्यवस्था दुरुस्त होती तो चोरों के हौसले इतने बुलंद नहीं होते। इस घटना से क्षेत्र के लोगों में रात की पुलिस गश्त को लेकर भारी रोष और असंतोष देखा जा रहा है। स्थानीय लोग पुलिस से मांग कर रहे हैं कि इलाके में रात्रि गश्त को और अधिक प्रभावी बनाया जाए ताकि भविष्य में इस तरह की आपराधिक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके। पुलिस अधिकारियों का यह भी दावा है कि अपराधियों की सुरागरसी के लिए मुखबिर तंत्र को सक्रिय कर दिया गया है और संदिग्ध लोगों से पूछताछ की जा रही है। इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि लोगों का पुलिस प्रशासन पर विश्वास बना रहे और अपराधी जल्द से जल्द सलाखों के पीछे पहुंच सकें।