Lucknow Desk : राजधानी लखनऊ में इलाज के नाम पर बड़ी रकम वसूलने और मरीज की मौत के बाद दस्तावेज नहीं देने का मामला सामने आया है। गुडंबा क्षेत्र के कुर्सी रोड स्थित दो निजी अस्पतालों पर एक परिवार ने गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजनों का दावा है कि करीब डेढ़ महीने के इलाज के दौरान उनसे लगभग 19 लाख रुपये लिए गए। जानकीपुरम निवासी इंद्रेश कश्यप के मुताबिक, उनकी 60 वर्षीय मां रामदर्शनी को बुखार आने के बाद पहले एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उनका आरोप है कि वहां करीब एक सप्ताह के इलाज के दौरान परिवार से लगभग 90 हजार रुपये लिए गए।
इसी दौरान दवा की अधिक मात्रा दिए जाने का भी आरोप लगाया गया है। परिजनों के अनुसार, इसके बाद महिला की तबीयत लगातार बिगड़ती चली गई। हालत गंभीर होने पर रामदर्शनी को 3 जुलाई को नारायण हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। परिवार के मुताबिक, यहां करीब डेढ़ महीने तक उनका इलाज चला।
इलाज के दौरान अस्पताल की ओर से लगातार खर्च लिया गया और कुल रकम करीब 19 लाख रुपये तक पहुंच गई। इसके बावजूद महिला की हालत में सुधार नहीं हुआ और 19 अगस्त को उनकी मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल प्रबंधन ने इलाज से संबंधित जरूरी दस्तावेज और रिकॉर्ड भी उन्हें उपलब्ध नहीं कराए। परिवार का कहना है कि उन्होंने इलाज और खर्च से जुड़ी जानकारी मांगी, लेकिन उन्हें संतोषजनक जवाब नहीं मिला। मामले में मृतका के बेटे इंद्रेश कश्यप ने मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और प्रमुख सचिव को पत्र भेजकर पूरे मामले की जांच कराने और दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।