कंटाप
NEWS
शुक्रवार, 28 अगस्त 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
नेपाल में बाढ़: चीन पर उठ रहे सवालों पर क्या कह रहा है अंतरराष्ट्रीय मीडिया      दोगुनी रफ्तार से पिघल रहे हैं हिमालय के ग्लेशियर, 5 महीने पहले इस रिपोर्ट ने दी थी नेपाल में तबाही की चेतावनी      Balen Shah India: भारत ने बाढ़ के महासंकट में न‍िभाई दोस्‍ती, नेपाली PM बालेन शाह पहले विदेशी दौरे पर आएंगे द‍िल्‍ली      Raksha Bandhan 2026 Wishes: बड़े भाई से छोटे भाई तक, हर रिश्ते के लिए भेजें ये खास मैसेज, दिल में घुल जाएगा...      सोनिया गांधी की किताब में क्या है कि पेंगुइन ने छापने से किया इनकार, कौन सा हिस्सा हटाने को कहा      मुस्कान मर्डर केस में सामने आया CCTV वीडियो, हत्या के बाद भागता दिखा आरोपी इमरान      'भाजपा ने चुनाव हाईजैक किया, बंगाल पुलिस राक्षस बन गई है', ममता ने लगाए गंभीर आरोप      महाराष्ट्र में ऑटो और टैक्सी चालकों को मिली बड़ी राहत, मराठी सीखने के लिए सरकार ने दी 1 साल की मोहलत     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹ | SILVER (10g) ₹ | USD/INR ₹ | CRUDE OIL $ | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
राजनीति

मांगों पर गतिरोध: कृष्ण बेदी संग सफाई कर्मचारियों की मैराथन बैठक बेनतीजा

हरियाणा में सफाई कर्मचारियों और सरकार के बीच चल रहे गतिरोध को खत्म करने के लिए आयोजित की गई मैराथन बैठक किसी भी निष्कर्ष पर नहीं पहुंच सकी है।

A
Ankit Yadav
23 अग 2026, 12:23
मांगों पर गतिरोध: कृष्ण बेदी संग सफाई कर्मचारियों की मैराथन बैठक बेनतीजा
हरियाणा राज्य में सफाई कर्मचारियों के विभिन्न मुद्दों और लंबित मांगों के समाधान को लेकर एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। इस उच्चस्तरीय चर्चा में प्रमुख नेताओं और अधिकारियों ने हिस्सा लिया, जिसमें कृष्ण बेदी मुख्य रूप से शामिल रहे। सफाई कर्मचारियों के प्रतिनिधियों और प्रशासन के बीच हुई यह बातचीत काफी लंबी चली, जिसे मैराथन बैठक कहा जा सकता है, लेकिन इसके बावजूद दोनों पक्षों के बीच किसी भी प्रकार की सहमति नहीं बन पाई है।

मांगों पर असमंजस और अड़चनें

कर्मचारियों की ओर से लंबे समय से कई तरह की मांगें उठाई जा रही हैं, जिनमें मुख्य रूप से नियमितीकरण, बेहतर वेतन, सुरक्षा उपकरण और अन्य सेवा शर्तें शामिल हैं। इन तमाम मुद्दों पर बैठक के दौरान विस्तार से चर्चा की गई। हालांकि, कर्मचारी संघ अपनी मांगों पर अड़े रहे, जबकि प्रशासनिक स्तर पर कुछ बिंदुओं पर सहमति न बन पाने के कारण बात बीच में ही अटक गई। दोनों पक्षों के बीच विचारों का आदान-प्रदान तो हुआ, लेकिन कोई ठोस समाधान सामने नहीं आ सका। राज्यभर में सफाई कर्मचारियों का यह मामला पिछले कुछ समय से चर्चा का विषय बना हुआ है। सरकार और स्थानीय प्रशासन द्वारा कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि किसी भी प्रकार की असुविधा से बचा जा सके। इसके बावजूद, मैराथन बैठकों के दौर के बाद भी जब कोई सकारात्मक परिणाम सामने नहीं आता है, तो स्थिति और अधिक जटिल हो जाती है। इस बैठक के असफल होने से कर्मचारियों में निराशा का माहौल देखा जा रहा है। संबंधित पक्षों का मानना है कि यदि जल्द ही कोई ठोस पहल नहीं की गई, तो आने वाले दिनों में यह विवाद और अधिक तूल पकड़ सकता है। कर्मचारी संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी जायज मांगों को समय पर पूरा नहीं किया गया, तो वे अपने आंदोलन को और तेज करने के लिए मजबूर हो जाएंगे। ऐसे में प्रशासनिक अधिकारियों पर भी दबाव बढ़ गया है कि वे जल्द से जल्द इस दिशा में कोई सकारात्मक कदम उठाएं। भविष्य की रणनीतियों और अगले दौर की वार्ताओं को लेकर अभी तक स्थिति पूरी तरह साफ नहीं हो पाई है। हालांकि, उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में दोनों पक्षों के बीच फिर से बातचीत का दौर शुरू हो सकता है, ताकि किसी मध्यस्थता के जरिए इस गतिरोध को समाप्त किया जा सके और एक स्वीकार्य समाधान निकाला जा सके।
कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज