योग आश्रम परिसर से महोत्सव की शुरुआत
नवरात्र महोत्सव 2026 का आधिकारिक आगाज रविवार की शाम को ठीक 7 बजे योग आश्रम परिसर से किया जाएगा। इस विशेष अवसर पर सभी संतों और श्रद्धालुओं की उपस्थिति में विधिवत रूप से पूजा-अर्चना की जाएगी। पूजा के बाद पारंपरिक तरीके से दीप प्रज्वलित करके इस वर्ष के 2026 नवरात्र महोत्सव की शुरुआत का ऐलान होगा। इस आयोजन को लेकर कटड़ा क्षेत्र के स्थानीय निवासियों और दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं में काफी उत्साह देखा जा रहा है। आश्रम परिसर को इस पावन अवसर के लिए बहुत सुंदर ढंग से सजाया गया है। संध्या के समय होने वाले इस मुख्य कार्यक्रम में कई गणमान्य लोग भी शामिल होंगे। दीप प्रज्वलन के साथ ही नौ दिनों तक चलने वाले इस महान धार्मिक पर्व का विधिवत श्रीगणेश हो जाएगा। प्रशासन और आयोजन समितियों ने इस पहले दिन के कार्यक्रम को लेकर सभी जरूरी तैयारियां पूरी कर ली हैं।
कटड़ा में धार्मिक कार्यक्रमों का होगा आयोजन
उद्घाटन समारोह के तुरंत बाद कटड़ा में विभिन्न प्रकार के धार्मिक कार्यक्रमों का सिलसिला प्रतिदिन के लिए शुरू हो जाएगा। इन आयोजनों के तहत हर दिन अखिल भारतीय भेंट प्रतियोगिता का भव्य आयोजन किया जाएगा। इसके अलावा सुबह के समय प्रभातफेरी निकाली जाएगी जिसमें श्रद्धालु भक्ति गीतों के साथ नगर भ्रमण करेंगे। पारंपरिक शोभा यात्रा का भी विशेष प्रबंध किया गया है जो पूरे कटड़ा क्षेत्र में आकर्षण का मुख्य केंद्र रहेगी। इन सभी धार्मिक अनुष्ठानों और प्रतियोगिताओं में देश भर से आने वाले कलाकार और गायक हिस्सा लेंगे। स्थानीय लोगों के साथ ही बाहर से पहुंचे भक्तजन भी इन कार्यक्रमों का बढ़-चढ़कर आनंद उठाएंगे। हर दिन होने वाले इन आयोजनों से पूरे क्षेत्र का वातावरण पूरी तरह से भक्तिमय और ऊर्जावान बना रहेगा। आयोजकों ने सभी कार्यक्रमों की रूपरेखा को अंतिम रूप दे दिया है ताकि श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
वैष्णो देवी भवन पर विशेष अटका आरती
नवरात्रों के इस पवित्र और पावन पर्व के दौरान समूचा वैष्णो देवी भवन पूरी तरह से भक्ति के रंगों में रंग जाता है। इसी धार्मिक परंपरा के तहत भवन पर हर दिन सुबह और शाम के समय नियमित रूप से अटका आरती का आयोजन किया जाता है। इन विशेष अटकाआरतियों के दौरान देश के जाने-माने और प्रसिद्ध गायकों द्वारा अपनी विशेष प्रस्तुतियां दी जाएंगी। ये सभी प्रख्यात गायक अपनी मधुर आवाज के माध्यम से मां भगवती का गुणगान करेंगे और उनके चरणों में अपनी हाजिरी लगाएंगे। मां के दरबार में गूंजने वाले इन भक्ति भजनों से संपूर्ण त्रिकुटा पर्वत और आसपास का इलाका गूंज उठेगा। दर्शन के लिए आने वाले लाखों श्रद्धालुओं को इन प्रसिद्ध गायकों की प्रस्तुतियों को सुनने का सौभाग्य प्राप्त होगा। यह पूरी व्यवस्था नवरात्र के नौ दिनों तक निरंतर चलती रहेगी जिससे माता के भक्तों को आध्यात्मिक आनंद की प्राप्ति होगी। सुरक्षा और व्यवस्था से जुड़े सभी पहलुओं पर भी विशेष ध्यान रखा गया है।