रामलला का अलौकिक श्रृंगार आज 23 सितंबर 2026 को अयोध्या के श्री राम जन्मभूमि मंदिर में विराजमान भगवान श्री रामलला सरकार का बेहद मनमोहक और दिव्य श्रृंगार किया गया है। सुबह की आरती के साथ ही मंदिर के पट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए और डिजिटल माध्यमों से लाइव दर्शन की व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित की जा रही है। हर दिन की तरह आज भी पारंपरिक अनुष्ठानों और वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भगवान का अर्चन किया गया। इस विशेष अवसर पर मंदिर परिसर में उपस्थित भक्तों ने जय श्री राम के उद्घोष के साथ इस पावन पल को अपने कैमरे में कैद किया। डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से लाखों राम भक्त घर बैठे ही अपने आराध्य के इस अलौकिक स्वरूप का साक्षात्कार कर रहे हैं और इस भव्य आयोजन का हिस्सा बन रहे हैं।
आध्यात्मिक परंपरा और महत्व भारतीय सनातन संस्कृति में भगवान के विग्रह का श्रृंगार और उसकी दिव्यता का दर्शन करना अत्यंत महत्वपूर्ण और पुण्यदायी माना गया है। अयोध्या नगरी में प्राण प्रतिष्ठा के बाद से ही रामलला के दर्शन के लिए प्रतिदिन देश के कोने-कोने से हजारों श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। मंदिर ट्रस्ट द्वारा यह सुनिश्चित किया जाता है कि जो भक्त किन्हीं कारणों से भौतिक रूप से उपस्थित होने में असमर्थ हैं, उन्हें भी आधुनिक तकनीकी माध्यमों से नियमित रूप से लाइव आरती और श्रृंगार के दर्शन मिल सकें। इस पूरी व्यवस्था के पीछे पुजारियों और मंदिर प्रबंधन का कड़ा परिश्रम रहता है जो हर मौसम और हर तिथि पर विधि-विधान के साथ अनुष्ठान संपन्न कराते हैं। इससे न केवल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिला है बल्कि पूरी दुनिया में फैले सनातन धर्मावलंबियों की आस्था को एक नई मजबूती भी प्राप्त हुई है।
भक्तों की भारी भीड़ और आगे की व्यवस्था आने वाले दिनों में त्योहारी सीजन को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने सुरक्षा और दर्शन व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ करने की योजना तैयार की है। लाइव दर्शन के प्रसारण को सुचारू बनाए रखने के लिए तकनीकी टीम लगातार निगरानी रख रही है ताकि किसी भी प्रकार की तकनीकी बाधा से बचा जा सके। स्थानीय प्रशासन और पुलिस बल भी मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पूरी तरह मुस्तैद हैं। अयोध्या के स्थानीय बाजारों और होटल व्यवसायियों में भी इस निरंतर बढ़ती हुई भीड़ के कारण काफी उत्साह देखा जा रहा है। आने वाले समय में प्रबंधन द्वारा दर्शन की अवधि और ऑनलाइन स्ट्रीमिंग की गुणवत्ता को और बेहतर बनाने पर जोर दिया जा रहा है ताकि वैश्विक स्तर पर बैठे राम भक्तों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।