रामबाग धाम में नवरात्रि की तैयारियां
सम्भल स्थित रामबाग धाम के सिद्धिदात्री नवदुर्गा मंदिर परिसर में आगामी शारदीय नवरात्रि और दशहरा पर्व को लेकर व्यापक स्तर पर तैयारियां अंतिम चरण में हैं। यह धार्मिक आयोजन 11 अक्टूबर से शुरू होकर 20 अक्टूबर तक चलेगा, जिसमें भक्तों के लिए विभिन्न मनोरंजक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला प्रस्तुत की जाएगी। मंदिर प्रशासन ने आयोजन स्थल पर विशेष प्रकाश व्यवस्था, आकर्षक सजावट और मंच के निर्माण का कार्य पूरा कर लिया है ताकि आने वाले श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। उद्घाटन दिवस 11 अक्टूबर को गणेश पूजन के साथ विधिवत रूप से इस मेले की शुरुआत की जाएगी। उद्घाटन समारोह में राज्य मंत्री गुलाब देवी और कई कन्याएं मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगी। इस दिन रात के समय शिव-पार्वती विवाह का भव्य मंचन दर्शकों के लिए आकर्षण का मुख्य केंद्र रहेगा। मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के लिए विशेष पूजा-अर्चना और सिद्धिदात्री माता के प्रतिदिन भव्य श्रृंगार की व्यवस्था की गई है, जिसमें 108 दीपों के माध्यम से महाआरती भी शामिल है।
श्री रामलीला नाट्य परिषद का मंचन
श्री रामलीला नाट्य परिषद द्वारा 12 अक्टूबर से संगीत के साथ रामलीला का मंचन रामबाग धाम में प्रारंभ किया जाएगा। इस कलात्मक प्रस्तुति को और अधिक रोचक बनाने के लिए आधुनिक डिजिटल तकनीक और सांस्कृतिक विधाओं का उपयोग किया गया है। रामलीला के दौरान भगवान श्रीराम के जीवन के विभिन्न प्रसंगों को बेहद आकर्षक ढंग से प्रस्तुत करने की योजना है। 13 अक्टूबर को श्रीराम जन्म के साथ ताड़का वध का प्रसंग होगा, जबकि 14 अक्टूबर को धनुष यज्ञ और श्रीराम विवाह का आयोजन किया जाएगा। शहर में 15 अक्टूबर को भव्य श्रीराम शोभायात्रा निकाली जाएगी, जिसके बाद 16 अक्टूबर को श्रीराम वनवास और राजा दशरथ के देहावसान का मार्मिक मंचन होगा। 17 अक्टूबर को भरत मिलाप और सीता हरण की घटनाएं दिखाई जाएंगी। 18 अक्टूबर को भक्तगण हनुमान मिलन और लंका दहन के दृश्य देखेंगे। 19 अक्टूबर को लक्ष्मण शक्ति और रावण वध का मंचन होगा, जो कि बुराई पर अच्छाई की जीत को दर्शाते हुए दर्शकों के लिए एक अत्यंत प्रेरणादायक अनुभव साबित होगा।
दशहरा मेले का समापन कार्यक्रम
नवरात्रि महोत्सव के अंतिम दिन यानी 20 अक्टूबर को दशहरा मेले का मुख्य आकर्षण रावण दहन का कार्यक्रम होगा। इस दिन श्रीराम राज्याभिषेक के साथ विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी जाएगी, जो पर्व के समापन को भव्य बनाएंगे। स्वचलित रावण दहन के दौरान आसमान में रंग-बिरंगी आतिशबाजी का प्रदर्शन किया जाएगा, जिसे देखने के लिए बड़ी संख्या में लोगों के जुटने की संभावना है। रामबाग धाम के प्रधान मौसम गुप्ता ने बताया कि इस पूरे आयोजन को सफल बनाने के लिए मंदिर समिति ने हर संभव व्यवस्था की है ताकि श्रद्धालुओं को एक व्यवस्थित और धार्मिक वातावरण मिल सके। यह आयोजन न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है बल्कि स्थानीय स्तर पर मेल-मिलाप और मनोरंजन का बड़ा माध्यम भी है। मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए स्वच्छता और सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं। स्थानीय लोगों के लिए यह मेला श्रद्धा, उत्सव और सांस्कृतिक विरासत को जानने का एक बेहतरीन अवसर है। सभी व्यवस्थाएं पूरी होने के साथ ही रामबाग धाम अब भक्तों के स्वागत के लिए पूरी तरह से तैयार है।