करोड़ों का बड़ा पैकेज मिला
भारतीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान रांची के इतिहास में एक बहुत बड़ा और ऐतिहासिक जॉब ऑफर सामने आया है। संस्थान के कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग विभाग के डेटा साइंस एंड आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस पाठ्यक्रम के छात्र सक्षम ने अपनी बड़ी सफलता से सभी को हैरान कर दिया है। सक्षम को प्रसिद्ध टेक्नोलॉजी कंपनी रबरिक में टेक्निकल प्रोग्राम मैनेजर पद के लिए सालाना 1.25 करोड़ रुपये का भारी-भरकम पैकेज मिला है। यह शानदार उपलब्धि संस्थान के इतिहास का अब तक का सबसे बड़ा जॉब पैकेज बताया जा रहा है। इस बड़ी कामयाबी से पूरे संस्थान का नाम देश भर में चर्चा का विषय बन गया है। आज के समय में किसी भी अच्छे शिक्षण संस्थान से अपनी पढ़ाई पूरी करना छात्रों के करियर की एक बेहद मजबूत शुरुआत माना जाता है। सक्षम की इस सफलता ने साबित कर दिया है कि कड़ी मेहनत और सही दिशा में किए गए प्रयास हमेशा शानदार परिणाम देते हैं।
जेईई मेन से होती है शुरुआत
सक्षम की इस अभूतपूर्व सफलता के बाद अब कई अन्य छात्रों के मन में यह सवाल लगातार आ रहा है कि इस प्रतिष्ठित संस्थान में बीटेक पाठ्यक्रम के लिए प्रवेश कैसे मिलता है। आईआईआईटी रांची में बीटेक कक्षाओं में दाखिला पाने का सबसे पहला और मुख्य कदम जेईई मेन परीक्षा पास करना होता है। बारहवीं कक्षा की पढ़ाई पूरी करने के बाद इंजीनियरिंग के क्षेत्र में अपना भविष्य बनाने का लक्ष्य रखने वाले सभी छात्रों के लिए इस राष्ट्रीय स्तर की प्रवेश परीक्षा की तैयारी करना बेहद महत्वपूर्ण हो जाता है। इस कठिन परीक्षा में शामिल होकर अच्छी रैंक हासिल करने के बाद ही एडमिशन की आगे की लंबी प्रक्रिया शुरू होती है। हालांकि केवल इस परीक्षा में बैठना या इसे उत्तीर्ण करना ही काफी नहीं होता है, बल्कि उम्मीदवार द्वारा प्राप्त की गई रैंक ही आगे की काउंसलिंग प्रक्रिया में सीट मिलने की मुख्य संभावना को तय करती है।
जोसा काउंसलिंग और प्रवेश प्रक्रिया
जेईई मेन परीक्षा के सफल समापन के बाद उम्मीदवारों को जोसा काउंसलिंग की प्रक्रिया में अनिवार्य रूप से शामिल होना पड़ता है। इस महत्वपूर्ण चरण के दौरान सभी छात्र अपनी पसंद के विभिन्न संस्थानों और पाठ्यक्रमों को अपनी प्राथमिकता के अनुसार बहुत सावधानी से चुनते हैं। उम्मीदवार अपनी पसंद के विकल्पों में आईआईआईटी रांची का नाम भी शामिल करते हैं। इसके पश्चात छात्र की जेईई मेन रैंक, उपलब्ध सीटों की संख्या और उसकी प्राथमिकताओं के आधार पर ही सीट का आवंटन किया जाता है। यदि किसी छात्र को आईआईआईटी रांची में सीट मिल जाती है, तो उसे निर्धारित समय सीमा के भीतर आगे की सभी जरूरी प्रक्रियाएं पूरी करनी होती हैं। इस दौरान अधिकारियों द्वारा छात्रों के सभी आवश्यक दस्तावेजों की सूक्ष्मता से जांच की जाती है। यदि किसी छात्र को पहले चरण में मनचाही सीट नहीं मिलती है, तो वह आगे के सीट आवंटन राउंड का इंतजार कर सकता है।