अरवल के विद्यार्थियों ने परीक्षा परिणामों में लहराया परचम
बिहार इंजीनियरिंग यूनिवर्सिटी के सत्र 2022-2026 के हालिया परीक्षा परिणामों में राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय अरवल के छात्रों ने अपनी मेधा का लोहा मनवाया है। इस प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय के अंतर्गत कुल 57 महाविद्यालय संचालित होते हैं जिनमें 38 सरकारी और 19 निजी संस्थान शामिल हैं। इन तमाम संस्थानों के हजारों छात्र इस परीक्षा में शामिल हुए थे। कड़े मुकाबले के बीच अरवल इंजीनियरिंग कॉलेज के तीन मेधावी विद्यार्थियों ने अपनी काबिलियत के बल पर सर्वोच्च स्थानों पर कब्जा जमाया है। इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग के छात्र अभिषेक राज ने समूचे विश्वविद्यालय स्तर पर पहला स्थान हासिल करके यूनिवर्सिटी टॉपर होने का गौरव अपने नाम किया है। उनकी इस शानदार सफलता से न केवल उनके कॉलेज बल्कि पूरे अरवल जिले में खुशी का माहौल है। इसी विभाग के एक अन्य छात्र रवि शंकर ने भी विश्वविद्यालय स्तर पर तीसरा स्थान प्राप्त किया है जिससे महाविद्यालय की शैक्षणिक गुणवत्ता एक बार फिर साबित हुई है। इसके अलावा सिविल इंजीनियरिंग शाखा से पढ़ाई करने वाले सुन्नी कुमार ने भी विश्वविद्यालय की वरीयता सूची में तीसरा स्थान हासिल करके संस्थान का गौरव बढ़ाया है। इन तीनों विद्यार्थियों की इस ऐतिहासिक उपलब्धि से पूरे जिले के शिक्षा जगत में उत्साह का संचार हो गया है और हर कोई इनकी इस सफलता की सराहना कर रहा है।
प्राचार्य ने बताया सफलता का मंत्र और शिक्षकों का योगदान
महाविद्यालय के प्राचार्य प्रणव कुमार ने छात्रों की इस असाधारण सफलता पर खुशी जताते हुए सभी सफल विद्यार्थियों, उनके अभिभावकों और शिक्षकों को अपनी ओर से हार्दिक बधाइयां दी हैं। महाविद्यालय प्रशासन का स्पष्ट कहना है कि यह शानदार परिणाम विद्यार्थियों की दिन-रात की कड़ी मेहनत, शिक्षकों के कुशल मार्गदर्शन और कॉलेज परिसर के बेहतर शैक्षणिक माहौल का ही सुखद नतीजा है। संस्थान के भीतर नियमित रूप से कक्षाएं संचालित की जाती हैं और विद्यार्थियों को प्रयोगशालाओं में प्रैक्टिकल का पूरा अभ्यास कराया जाता है। इसके अलावा प्रोजेक्ट वर्क पर विशेष जोर दिया जाता है ताकि छात्र व्यावहारिक रूप से मजबूत बन सकें। विद्यार्थियों के भविष्य को सुरक्षित और संवारने के लिए कॉलेज स्तर पर कैरियर काउंसलिंग की विशेष व्यवस्था भी की गई है जिसका प्रत्यक्ष लाभ इन छात्रों को अपनी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान मिला है। शिक्षकों ने हर कदम पर अपने विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया और उन्हें किसी भी कठिनाई का सामना नहीं करने दिया। जिले के तमाम प्रतिष्ठित बुद्धिजीवियों और शिक्षा प्रेमियों ने भी इन विद्यार्थियों की इस बड़ी कामयाबी पर अपनी प्रसन्नता जाहिर की है और इसे आने वाली पीढ़ी के लिए एक मील का पत्थर बताया है। कॉलेज प्रशासन का यह प्रयास भविष्य में भी इसी तरह के बेहतरीन परिणाम देने की दिशा में लगातार जारी रहेगा।
आने वाले छात्रों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगी यह उपलब्धि
राजकीय अभियंत्रण महाविद्यालय अरवल के इन तीन मेधावी छात्रों द्वारा विश्वविद्यालय स्तर पर हासिल की गई यह उल्लेखनीय सफलता आने वाले समय में नए विद्यार्थियों के लिए एक बड़ा प्रेरणास्रोत बनेगी। कॉलेज प्रशासन का मानना है कि इस प्रकार के उत्कृष्ट परिणामों से संस्थान के अन्य छात्रों में भी अपनी पढ़ाई के प्रति लगन और प्रतिस्पर्धा की भावना पैदा होगी। विश्वविद्यालय स्तर पर प्रथम और तृतीय स्थान हासिल करना कोई साधारण बात नहीं है और इसके पीछे एक सुदृढ़ शैक्षणिक व्यवस्था काम कर रही है। अरवल जैसे जिले में स्थित इस राजकीय इंजीनियरिंग कॉलेज ने यह साबित कर दिया है कि यदि सही मार्गदर्शन और पढ़ाई का उचित माहौल मिले तो ग्रामीण और छोटे शहरों के छात्र भी किसी से पीछे नहीं रहते हैं। शिक्षाविदों का कहना है कि इस तरह की उपलब्धियां संस्थान के स्तर को और अधिक ऊंचा उठाती हैं और भविष्य में यहाँ के छात्रों के लिए रोजगार के नए रास्ते खुलते हैं। महाविद्यालय भविष्य में भी अपनी इस शैक्षणिक परंपरा को पूरी निष्ठा के साथ आगे बढ़ाने के लिए संकल्पित है। छात्र अपनी इस सफलता के दम पर अब अपने उज्ज्वल भविष्य की ओर मजबूती से कदम बढ़ा रहे हैं और उनके अभिभावक भी इस बात से बेहद संतुष्ट नजर आ रहे हैं कि उनके बच्चों की मेहनत रंग लाई है।