इंस्टाग्राम से शुरू हुई प्रेम कहानी
बिहार के मोतिहारी जिले के हिंदरी बाजार की निवासी आरती कुमारी और छतौनी के रहने वाले देवा दास की मुलाकात दो साल पहले सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम के जरिए हुई थी। धीरे-धीरे दोनों के बीच बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ जो आगे चलकर गहरे प्रेम प्रसंग में तब्दील हो गया। आपसी समझ और जुड़ाव के चलते दोनों ने एक साथ रहने का निर्णय लिया और लिव-इन रिलेशनशिप में अपना जीवन बिताने लगे। जब दोनों परिवारों को इस संबंध के बारे में भनक लगी तो घर के लोगों ने तीखी नाराजगी जताई और उनके मिलने-जुलने पर कड़ी पाबंदियां लगा दीं। इसके बावजूद दोनों का एक-दूसरे से मिलने का सिलसिला थमा नहीं और वे घर से दूर अन्य स्थान पर जाकर रहने लगे। इसी दौरान उपजे विवाद के बीच देवा के साथ मारपीट होने की घटना भी सामने आई जिसके बाद यह पूरा प्रकरण पुलिस तक जा पहुंचा। पुलिस ने दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर उनके संबंधित परिवारों के सुपुर्द कर दिया था, लेकिन इसके बाद भी उनका छिप-छिपाकर मिलना-जुलना लगातार जारी रहा और आरती भी चोरी-छिपे देवा से मिलने पहुंच जाती थी।
मोहल्ले के लोगों ने कराई मंदिर में शादी
प्रेमी जोड़े के लगातार मिलते रहने से आसपास के मोहल्ले के लोग काफी परेशान हो गए थे और उन्होंने इस स्थिति का कोई स्थायी हल निकालने का जिम्मा उठाया। मोहल्ले के निवासियों ने दोनों पक्षों के परिजनों को एक जगह आमंत्रित किया और इस रिश्ते को वैवाहिक बंधन में बदलने का सामूहिक निर्णय लिया। इसके बाद स्थानीय लोगों ने विवाह की सभी तैयारियां तेजी से शुरू कर दीं जिसके तहत बाजार से विशेष रूप से फूलों की माला मंगवाई गईं और एक पंडित को भी बुलाया गया। निर्धारित समय पर मंदिर परिसर में दोनों परिवारों की मौजूदगी और मोहल्लेवासियों के सहयोग से आरती कुमारी और देवा दास का विवाह संपन्न कराया गया। विवाह की रस्मों को पूरा करते हुए आरती की मांग में सिंदूर भरवाया गया जिससे दो साल पुरानी प्रेम कहानी आखिरकार एक पवित्र रिश्ते में तब्दील हो गई। इस अनूठी पहल से जुड़े समाजसेवी संजीत कुमार ने जानकारी दी कि दोनों के संबंधों को लेकर लगातार शिकायतें प्राप्त हो रही थीं, जिसके मद्देनजर मोहल्ले के लोगों ने दोनों परिवारों को साथ लाकर मंदिर में उनका विवाह कराने का उचित फैसला लिया।
शादी के बाद दोनों परिवारों की सहमति
मंदिर में संपन्न हुए इस विवाह के बाद नवविवाहित आरती कुमारी ने मीडिया से बातचीत करते हुए अपनी खुशी खुलकर जाहिर की। उसने बताया कि उनकी यह शादी दोनों परिवारों की पूर्ण सहमति और आशीर्वाद के साथ हुई है, जिससे वे दोनों अब बेहद प्रसन्न और संतुष्ट हैं। आरती ने अपने पुराने दिनों को याद करते हुए बताया कि दो साल पहले इंस्टाग्राम के माध्यम से उनकी जान-पहचान हुई थी जो समय के साथ प्यार में बदल गई। शुरुआत के दिनों में उनके परिवार के सदस्य इस रिश्ते के सख्त खिलाफ थे और खासी नाराजगी भी व्यक्त कर रहे थे, लेकिन अब सभी ने मिलकर आपसी रजामंदी से उनका विवाह करा दिया है। इस तरह सोशल मीडिया पर शुरू हुआ परिचय, लिव-इन में रहना, पुलिस तक पहुंचना और परिवारों की पाबंदियों जैसे तमाम उतार-चढ़ाव को पार करते हुए यह प्रेम प्रसंग एक सुखद वैवाहिक अंजाम तक पहुंच गया। इस पूरी घटना ने यह साबित कर दिया कि जब समाज के लोग मिलकर सकारात्मक पहल करते हैं, तो पारिवारिक दूरियां भी आसानी से मिट जाती हैं और युवा अपनी पसंद का जीवन साथी पाकर खुशहाल भविष्य की शुरुआत कर सकते हैं।