कंटाप
NEWS
शनिवार, 24 अक्तूबर 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
'अरुणाचल बॉर्डर पर भारत और चीन आमने-सामने बने हुए हैं', आईटीबीपी डीजी के बयान पर सियासत गरमाई      बिहार की पटाखा फैक्ट्री में ब्लास्ट: एक ही परिवार के 5 लोगों की मौत, बिल्डिंग के बाहर शव बिखरे; घनी आबादी क...      PHOTOS: स्कॉर्पियो से कैदी वाहन और महंगे होटलों से जेल के खाने तक... मॉडल श्रद्धा दुबे का डाउनफॉल!      'पता नहीं डोनाल्ड ट्रंप को कब अक्ल आएगी...', अमेरिकी राष्ट्रपति पर क्यों भड़क उठे फारूक अब्दुल्ला?      फ्री कश्मीर, फ्री शरजील इमाम... जामिया इस्लामिया यूनिवर्सिटी की दीवारों पर किसने लिखा, 'नो स्पेस फॉर संघी'      बिहार MLC चुनाव में दिखा नीतीश कुमार की 'चाणक्य नीति' का जलवा! वोटिंग के दिन अनुमान लगाते रहे सियासी पंडित      यूसुफ पठान के विवादित प्लॉट को नगर निगम की भी मंजूरी, कांग्रेस बोली- 1 वोट की कीमत 15 करोड़      AI पर भारत में आएगा कानून, NDTV World Summit में बोले अश्विनी वैष्णव- चंद हफ्तों में आएगा कंसल्टेशन पेपर     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹— | SILVER (10g) ₹— | USD/INR ₹— | CRUDE OIL $— | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
लोकल

वाराणसी में गंगा का जलस्तर बढ़ने से निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा

वाराणसी के निचले इलाकों में गंगा नदी का पानी तेजी से प्रवेश कर रहा है, जिससे प्रशासन और स्थानीय निवासियों की चिंताएं बढ़ गई हैं।

X
Kantap News डेस्क
10 अग 2026, 00:00
वाराणसी में गंगा का जलस्तर बढ़ने से निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा

वाराणसी जिले में लगातार हो रही बारिश और पहाड़ी क्षेत्रों से छोड़े जा रहे पानी के कारण गंगा नदी का जलस्तर खतरे के निशान की ओर तेजी से बढ़ रहा है। आज सुबह से ही दशाश्वमेध घाट, अस्सी घाट और वरुणानदी के संगम के पास के कई निचले इलाकों में पानी भर गया है, जिससे तटीय बस्तियों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी गई है। जिला प्रशासन ने स्थिति से निपटने के लिए राहत और बचाव दलों को पूरी तरह से मुस्तैद कर दिया है ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।

प्रशासन द्वारा स्थापित किए गए राहत शिविर

स्थानीय नागरिकों के अनुसार, पानी बढ़ने से नाव संचालन और पंडा समाज की आजीविका पर भी असर पड़ा है। घाटों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं और बैरिकेडिंग करके पर्यटकों तथा श्रद्धालुओं को गहरे पानी में जाने से रोका जा रहा है। नगर निगम की टीमें प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी रख रही हैं और लोगों को सतर्क रहने के लिए लाउडस्पीकर के माध्यम से निर्देश दिए जा रहे हैं। जिला मजिस्ट्रेट ने सभी संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ आपात बैठक कर स्थिति की समीक्षा की है और प्रभावितों के लिए भोजन तथा पेयजल की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

स्वास्थ्य विभाग की टीमों को भी तटीय इलाकों में तैनात किया गया है ताकि जलजनित बीमारियों से बचाव के लिए आवश्यक दवाइयां और ओआरएस के पैकेट बांटे जा सकें। प्रशासन ने एक नियंत्रण कक्ष भी स्थापित किया है जहां लोग किसी भी सहायता के लिए संपर्क कर सकते हैं। मौसम विभाग के अनुसार अगले चौबीस घंटों में बारिश की गतिविधियों में थोड़ी कमी आ सकती है, जिससे जलस्तर में ठहराव आने की उम्मीद है, फिर भी स्थिति पर कड़ी नजर रखी जा रही है ताकि किसी भी अनहोनी से बचा जा सके।

कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज