नेपाल में बाढ़ : चीन पर उठ रहे सवालों पर क्या कह रहा है अंतरराष्ट्रीय मीडिया
भारत ने दो बार बुलाया, तारिक रहमान नहीं आए; विवाद के बावजूद बालेन शाह ने दिल्ली क्यों चुनी?
उत्तराखंड पर मंडराया खतरा, ग्लेशियरों के पिघलने से उच्च हिमालयी क्षेत्र में बनीं 77 नई झीलें
Raksha Bandhan 2026 Wishes: बड़े भाई से छोटे भाई तक, हर रिश्ते के लिए भेजें ये खास मैसेज, दिल में घुल जाएगा...
सोनिया गांधी पर किताब प्रकाशित नहीं करेगा पेंगुइन इंडिया, संपादकीय बदलाव से लेखिका का इनकार
Raksha Bandhan 2026: आज पूरे दिन पंचक, सुबह का मुहूर्त निकला, दोपहर में कब बांधें राखी?
अभिजीत दीपके ने अरविंद केजरीवाल को पछाड़ दिया! सर्वे में CJP चीफ ने चौंकाया
भारत खरीदेगा दुनिया का सबसे खतरनाक एंटी-टैंक मिसाइल सिस्टम 'जैवलिन', क्यों खास है ये अमेरिकी हथियार
SENSEX लोड हो रहा...| NIFTY लोड हो रहा...| GOLD (10g) ₹—| SILVER (10g) ₹—| USD/INR ₹—| CRUDE OIL $—|Uttar Pradesh — लोड हो रहा है|--:--:--| लाइव अपडेट
मौसम अलर्ट: उत्तर प्रदेश और बिहार समेत पहाड़ी इलाकों में भारी बारिश की चेतावनी
देशभर में मानसून का दौर जारी है। मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश, बिहार और पहाड़ी क्षेत्रों में भारी बारिश की चेतावनी दी है, जिसके चलते लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
A
Ankit Yadav
23 अग 2026, 12:08
उत्तर भारत के कई राज्यों में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदल गया है। मानसून की सक्रियता के कारण उत्तर प्रदेश और बिहार के मैदानी इलाकों से लेकर पर्वतीय क्षेत्रों तक मूसलाधार बारिश होने की पूरी संभावना जताई गई है। मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों के अनुसार, आगामी चौबीस घंटों के दौरान लोगों को अपने घरों से निकलते समय विशेष सावधानी बरतनी चाहिए, क्योंकि लगातार हो रही वर्षा से जनजीवन प्रभावित हो सकता है।
पर्वतीय क्षेत्रों और मैदानी राज्यों में अलर्ट
देश के पहाड़ी अंचलों में बादलों का डेरा बना हुआ है, जिसके फलस्वरूप वहां भूस्खलन और रास्तों के अवरुद्ध होने का खतरा लगातार बना रहता है। दूसरी ओर, उत्तर प्रदेश और बिहार के विभिन्न जिलों में भी भारी बौछारें पड़ने की उम्मीद है। इन राज्यों के कई हिस्सों में पिछले कुछ दिनों से रुक-रुक कर बारिश हो रही है, जिससे तापमान में तो गिरावट दर्ज की गई है, लेकिन निचले इलाकों में जलभराव की समस्या विकराल रूप ले सकती है। प्रशासन ने भी स्थिति पर पैनी नजर रखते हुए आपातकालीन तैयारियों को दुरुस्त करना शुरू कर दिया है ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।
राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में भी मौसम का मिजाज सुहाना रहने के साथ ही बादलों की आवाजाही बनी रहेगी। दिल्लीवासियों को उमस भरी गर्मी से राहत मिलने की पूरी उम्मीद है, हालांकि कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि मानसून की टर्फ रेखा अपनी सामान्य स्थिति से गुजर रही है, जिसका असर उत्तर भारत के एक बड़े भूभाग पर साफ तौर पर दिखाई दे रहा है। यात्रियों और वाहन चालकों को सलाह दी गई है कि वे सफर के दौरान मौसम की स्थिति की जानकारी अवश्य रखें।
इस मानसूनी बारिश का एक सकारात्मक पहलू यह भी है कि कृषि सेक्टर को इससे काफी फायदा पहुंच रहा है, विशेषकर धान की फसल के लिए यह बारिश बहुत उपयोगी साबित हो रही है। हालांकि, अत्यधिक पानी भरने से फसलों को नुकसान की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता है, जिसके चलते किसान भी चिंतित नजर आ रहे हैं। स्थानीय निकायों को जल निकासी के उचित प्रबंध करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि शहरी क्षेत्रों में जलभराव के कारण ट्रैफिक जाम जैसी समस्याओं से बचा जा सके और आम जनता को न्यूनतम असुविधा का सामना करना पड़े।