कंटाप
NEWS
शुक्रवार, 28 अगस्त 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
नेपाल में बाढ़ : चीन पर उठ रहे सवालों पर क्या कह रहा है अंतरराष्ट्रीय मीडिया      भारत ने दो बार बुलाया, तारिक रहमान नहीं आए; विवाद के बावजूद बालेन शाह ने दिल्ली क्यों चुनी?      उत्तराखंड पर मंडराया खतरा, ग्लेशियरों के पिघलने से उच्च हिमालयी क्षेत्र में बनीं 77 नई झीलें      Raksha Bandhan 2026 Wishes: बड़े भाई से छोटे भाई तक, हर रिश्ते के लिए भेजें ये खास मैसेज, दिल में घुल जाएगा...      सोनिया गांधी पर किताब प्रकाशित नहीं करेगा पेंगुइन इंडिया, संपादकीय बदलाव से लेखिका का इनकार      Raksha Bandhan 2026: आज पूरे दिन पंचक, सुबह का मुहूर्त निकला, दोपहर में कब बांधें राखी?      अभिजीत दीपके ने अरविंद केजरीवाल को पछाड़ दिया! सर्वे में CJP चीफ ने चौंकाया      भारत खरीदेगा दुनिया का सबसे खतरनाक एंटी-टैंक मिसाइल सिस्टम 'जैवलिन', क्यों खास है ये अमेरिकी हथियार     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹ | SILVER (10g) ₹ | USD/INR ₹ | CRUDE OIL $ | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
राजनीति

पक्की छत का सपना: दिसंबर तक 15 हजार से अधिक परिवारों को मिलेगा आवास, सीएम धामी का संकल्प

उत्तराखंड में ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के गरीब परिवारों के लिए आवास योजनाओं को लेकर राज्य सरकार ने एक बड़ा लक्ष्य तय किया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि आने वाले दिसंबर महीने तक राज्य के पंद्रह हजार से ज्यादा पात्र परिवारों को उनकी पक्की छत मिल जाए।

A
Ankit Yadav
21 अग 2026, 15:52
पक्की छत का सपना: दिसंबर तक 15 हजार से अधिक परिवारों को मिलेगा आवास, सीएम धामी का संकल्प
उत्तराखंड सरकार राज्य के प्रत्येक जरूरतमंद नागरिक को सुरक्षित और मजबूत आवास मुहैया कराने के लिए लगातार ठोस कदम उठा रही है। इसी क्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं कि सभी लंबित आवास निर्माण कार्यों को तय समय सीमा के भीतर पूरा किया जाए। सरकार का मुख्य उद्देश्य यह है कि राज्य का कोई भी गरीब परिवार बुनियादी सुविधाओं जैसे कि पक्के मकान से वंचित न रहे। इस महत्वाकांक्षी पहल के तहत इस साल दिसंबर तक का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिसके अंतर्गत पंद्रह हजार से अधिक परिवारों को उनके नए घरों की चाबियां सौंप दी जाएंगी।

कल्याणकारी योजनाओं का तेजी से हो रहा क्रियान्वयन

उत्तराखंड के पर्वतीय और मैदानी दोनों ही क्षेत्रों में आवास योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी लाई जा रही है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, कई जिलों में लाभार्थियों का चयन पूरी पारदर्शिता के साथ किया गया है ताकि केवल असली और पात्र लोगों तक ही इन योजनाओं का लाभ पहुंच सके। मुख्यमंत्री कार्यालय लगातार इन निर्माण कार्यों की व्यक्तिगत रूप से निगरानी कर रहा है ताकि किसी भी प्रकार की प्रशासनिक लेटलतीफी या भ्रष्टाचार से बचा जा सके। अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता से किसी भी स्थिति में समझौता नहीं किया जाएगा और मकानों में सभी आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जानी चाहिए। इस योजना के सफल क्रियान्वयन से न केवल राज्य के हजारों गरीब परिवारों का जीवन स्तर सुधरेगा, बल्कि उनके सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा चक्र को भी मजबूती मिलेगी। कच्चे मकानों में रहने वाले लोगों के लिए मौसम की मार हमेशा से एक बड़ी चुनौती रही है, खासकर पहाड़ी इलाकों में सर्दियों और मानसून के दौरान भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। पक्की छत मिल जाने से इन परिवारों को बड़ी राहत मिलेगी और वे एक सम्मानजनक जीवन जी सकेंगे। स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभागों के कर्मचारियों को निर्देशित किया गया है कि वे जमीनी स्तर पर आकर निर्माण कार्यों की नियमित समीक्षा करें और आ रही बाधाओं को तुरंत दूर करें।

भविष्य की योजनाएं और जनता की प्रतिक्रिया

राज्य सरकार के इस कदम की स्थानीय स्तर पर भारी सराहना हो रही है। कई लाभार्थियों ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के इस जनहितैषी दृष्टिकोण के प्रति आभार व्यक्त किया है। सरकार का यह प्रयास केंद्र और राज्य दोनों की कल्याणकारी नीतियों के सफल समन्वय का एक बेहतरीन उदाहरण माना जा रहा है। आने वाले महीनों में प्रशासन इस बात की भी योजना बना रहा है कि आवास योजनाओं के साथ-साथ अन्य बुनियादी सुविधाओं को भी प्राथमिकता के आधार पर जोड़ा जाए, जिससे इन नए बस्तियों में रहने वाले लोगों को पानी, बिजली और सड़क जैसी मूलभूत सुविधाएं निर्बाध रूप से मिल सकें।
कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज