Lucknow Desk : उत्तर प्रदेश के बेसिक स्कूलों में बच्चों के लिए मिड-डे मील तैयार करने वाले रसोइयों के लिए जल्द अच्छी खबर आ सकती है। प्रदेश सरकार विधानसभा चुनाव से पहले उनके मानदेय में बढ़ोतरी करने की तैयारी में है। मिड-डे मील अथॉरिटी की ओर से रसोइयों का मानदेय 1,000 रुपये प्रतिमाह बढ़ाने का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। बताया जा रहा है कि इस प्रस्ताव को लेकर उच्च स्तर पर हुई बैठक में भी सहमति बन चुकी है। फिलहाल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में मिड-डे मील बनाने वाले रसोइयों को हर महीने 2,000 रुपये मानदेय मिलता है। इसके अलावा उन्हें यूनिफॉर्म के लिए 500 रुपये अलग से दिए जाते हैं।
यह राशि सीधे उनके बैंक खाते में भेजी जाती है। वहीं, ग्लव्ज के लिए 400 रुपये की राशि भी निर्धारित है, लेकिन यह पैसा रसोइयों के खाते में न जाकर स्कूल प्रबंधन समिति के खाते में पहुंचता है। अब सरकार मानदेय में 1,000 रुपये की बढ़ोतरी पर विचार कर रही है। प्रस्ताव मंजूर होने के बाद रसोइयों को हर महीने 3,000 रुपये मानदेय मिल सकता है। हालांकि, अंतिम फैसला शासन स्तर से होना बाकी है।
सूत्रों के मुताबिक इस प्रस्ताव पर जल्द निर्णय लिया जा सकता है। चर्चा यह भी है कि सरकार किसी विशेष कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री के माध्यम से बढ़े हुए मानदेय का ऐलान कर सकती है। अगर प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है तो प्रदेश के हजारों रसोइयों को सीधा फायदा होगा। रसोइये लंबे समय से अपने मानदेय में बढ़ोतरी की मांग करते रहे हैं। ऐसे में सरकार का यह फैसला उनके लिए बड़ी राहत माना जा रहा है। हालांकि, बढ़ा हुआ मानदेय कब से लागू होगा और इसकी आधिकारिक घोषणा कब होगी, यह शासन के अंतिम निर्णय के बाद ही साफ होगा।