संयुक्त पुलिस कार्रवाई में बालक सकुशल बरामद
मंगलवार की रात को कोसीकलां थाना क्षेत्र के अंतर्गत पुलिस बलों ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। राजस्थान पुलिस और स्थानीय पुलिस की एक संयुक्त टीम ने मिलकर एक अपहृत बच्चे को सुरक्षित बचा लिया। यह अभियान गांव कामर के पास चलाया गया था जहां पुलिस ने घेराबंदी करके एक संदिग्ध वाहन को रोका। वाहन रोकने का प्रयास करते ही उसमें सवार एक व्यक्ति ने भागने की कोशिश की जिसे सतर्क पुलिसकर्मियों ने तुरंत दबोच लिया। उस संदिग्ध व्यक्ति के कब्जे से एक अबोध बालक को पूरी तरह सुरक्षित छुड़ा लिया गया। इस सफल ऑपरेशन के दौरान पुलिस टीम ने घटना में इस्तेमाल की गई स्प्लेंडर बाइक को भी अपने कब्जे में ले लिया। मौके पर मौजूद सुरक्षाबलों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए किसी भी अप्रिय घटना को टाल दिया और बच्चे को सकुशल अपने संरक्षण में ले लिया।
पूछताछ में सामने आई आरोपी की पहचान
पकड़े गए संदिग्ध व्यक्ति से जब कड़ाई से पूछताछ की गई तो उसने अपनी पहचान और मूल निवास के बारे में जानकारी दी। आरोपी ने पुलिस को बताया कि उसका नाम विवेक कुमार है और उसकी उम्र 34 वर्ष है। उसने पूछताछ में यह भी खुलासा किया कि वह मूल रूप से बिहार राज्य के रोहतास जिले के सासाराम इलाके के अंतर्गत आने वाले गांव मौहद्दीगंज का रहने वाला है। पुलिस की शुरुआती जांच और पूछताछ के दौरान उसने इस पूरी घटना से जुड़े कई महत्वपूर्ण सवालों के जवाब दिए। इस पूरी संयुक्त कार्रवाई का नेतृत्व कर रहे प्रभारी निरीक्षक कमलेश सिंह ने इस बारे में विस्तृत जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि बरामद किए गए बच्चे, पकड़े गए आरोपी और जब्त की गई बाइक तीनों को ही आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के लिए राजस्थान पुलिस के हवाले कर दिया गया है। राजस्थान पुलिस की टीम इस पूरी औपचारिकता को पूरा करने के बाद आरोपी और बच्चे को अपने साथ ले गई।
पहले दर्ज हुआ था अपहरण का मुकदमा
इस पूरे मामले की पृष्ठभूमि पिछले दिनों राजस्थान राज्य में दर्ज हुए एक आपराधिक मुकदमे से जुड़ी हुई है। कुछ समय पहले राजस्थान के कोटपुतली जनपद के नीमराना थाने में एक बच्चे के अपहरण का मामला दर्ज कराया गया था। इस गंभीर शिकायत के सामने आने के बाद से ही नीमराना थाने की पुलिस इस बच्चे की तलाश और बरामदगी के लिए लगातार प्रयास कर रही थी। पुलिस लगातार विभिन्न स्रोतों और तकनीकी माध्यमों से सुराग जुटाने में लगी हुई थी। इसी दौरान पुलिस को पुख्ता जानकारी मिली कि यह अपहृत बालक उत्तर प्रदेश के कोसीकलां इलाके में छिपाकर रखा गया है। इस इनपुट के मिलते ही राजस्थान पुलिस की एक विशेष टीम ने मंगलवार को कोसीकलां थाने पहुंचकर स्थानीय पुलिस अधिकारियों से संपर्क किया और उनका सहयोग मांगा। स्थानीय पुलिस से पूरी मदद मिलने के बाद दोनों टीमों ने योजनाबद्ध तरीके से रात के समय दबिश दी और इस अभियान को सफलतापूर्वक पूरा किया।