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धरोहर संरक्षण: जोधपुर के मेहरगढ़ दुर्ग के पास प्राचीन बावड़ी के जीर्णोद्धार का काम हुआ शुरू

राजस्थान के जोधपुर में ऐतिहासिक मेहरगढ़ किले के समीप स्थित सदियों पुरानी प्राचीन बावड़ी के संरक्षण और सौंदर्यीकरण का कार्य आज पुरातत्व विभाग द्वारा आधिकारिक रूप से शुरू कर दिया गया।

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Kantap News डेस्क
18 अग 2026, 15:40
धरोहर संरक्षण: जोधपुर के मेहरगढ़ दुर्ग के पास प्राचीन बावड़ी के जीर्णोद्धार का काम हुआ शुरू
जोधपुर के सांस्कृतिक वैभव को पुनर्जीवित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए जिला प्रशासन और भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण विभाग ने आज सुबह मेहरगढ़ दुर्ग की तलटी में स्थित ऐतिहासिक बावड़ी के जीर्णोद्धार का बीड़ा उठाया। उपेक्षित पड़ी इस प्राचीन बावड़ी में वर्षों से मलबा और कचरा जमा हो गया था, जिससे इसकी संरचना को गंभीर खतरा पैदा हो गया था। आज सुबह विशेष मशीनों और पारंपरिक शिल्पकारों की देखरेख में सफाई अभियान का पहला चरण शुरू हुआ, जिसमें मलबे को बाहर निकालने का काम युद्ध स्तर पर चल रहा है। विभाग के वरिष्ठ इतिहासकार ने बताया कि यह बावड़ी सत्रहवीं शताब्दी की वास्तुकला का बेजोड़ नमूना है और इसके जीर्णोद्धार से शहर के पर्यटन मानचित्र पर एक नया आकर्षण जुड़ जाएगा।

पारंपरिक शिल्पकारों का सहयोग

इस बहाली परियोजना की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसमें आधुनिक तकनीकों के साथ-साथ जोधपुर के पारंपरिक पत्थरों के कारीगरों और वास्तुशिल्प विशेषज्ञों की सेवाएं ली जा रही हैं। कारीगरों का यह दल बिना किसी आधुनिक सीमेंट के, चूने और सुखी मिट्टी के पारंपरिक मिश्रण का उपयोग करके बावड़ी की टूटी हुई दीवारों और सीढ़ियों की मरम्मत कर रहा है ताकि इसकी मूल ऐतिहासिक शैली से कोई छेड़छाड़ न हो। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन के इस निर्णय की सराहना करते हुए कहा कि इससे न केवल हमारी पुरानी विरासत बचेगी बल्कि भूजल संचयन के क्षेत्र में भी शहर को बड़ा लाभ मिलेगा।

पर्यटन विकास और भविष्य की योजनाएं

जीर्णोद्धार कार्य के पूरा होने के बाद इस ऐतिहासिक स्थल पर एक विशेष प्रकाश व्यवस्था और सूचना केंद्र स्थापित करने की भी योजना है ताकि देश-विदेश से आने वाले पर्यटक यहां की समृद्ध वास्तुकला से परिचित हो सकें। जोधपुर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष ने निरीक्षण के दौरान कहा कि शहर की अन्य पुरानी जल संरचनाओं को भी चरणबद्ध तरीके से इसी प्रकार संवारा जाएगा। इस परियोजना के शुरू होने से स्थानीय युवाओं के लिए गाइड और हस्तशिल्प बिक्री के नए रोजगार अवसर भी पैदा होने की उम्मीद है, जिससे क्षेत्र की आर्थिकी को भी मजबूती मिलेगी।
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