कंटाप
NEWS
शुक्रवार, 23 अक्तूबर 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
मुझे गालियां पड़ेंगी, लेकिन...; योगेंद्र यादव ने कहा- अभी मोदी का इस्तीफा नहीं चाहते लोग      अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो का जामनगर जाना क्या भारत की अहमियत बताता है?      सऊदी अरब में दो बांग्लादेशियों को मौत की सज़ा दिए जाने से जुड़े वे सवाल जो हैं अनसुलझे      फ़्रांस के राष्ट्रपति विदेशी नेताओं पर भड़के, 'इस्लामी और प्रवासी भीड़' के आरोप पर दिया जवाब      असम सरकार का बड़ा फैसला, रिटायरमेंट से 1 साल पहले शुरू होगी पेंशन की प्रक्रिया      Tiger Shroff Attack Case में बड़ा खुलासा, वारदात से पहले शूटरों ने की थी बंदूक चलाने की प्रैक्टिस, हुआ था म      PM बोले-कुछ लोग विदेशों में भारत को बदनाम कर रहे: कांग्रेस कब तक अपने फेल प्रोडक्ट की लॉन्चिंग के लिए देश क...      दिल्ली में AAP और कांग्रेस की पार्षद भिड़ीं, MCD सदन में खींचतान के बाद आई हाथापाई की नौबत     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹— | SILVER (10g) ₹— | USD/INR ₹— | CRUDE OIL $— | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
लोकल

लंबी छुट्टी का असर: हिमाचल से उत्तराखंड तक महाजाम, होटलों और पार्किंग में फुल

लगातार तीन दिन की छुट्टी के चलते दिल्ली और एनसीआर के सैलानी बड़ी संख्या में पहाड़ी राज्यों की ओर निकल पड़े हैं। हिमाचल प्रदेश से लेकर उत्तराखंड तक भारी भीड़ के कारण सड़कों पर लंबा जाम लग गया है। स्थिति यह है कि पर्यटन स्थलों पर होटल और गाड़ियां पार्क करने की जगह पूरी तरह भर चुकी है।

A
Ankit Yadav
04 अक्ट 2026, 17:03
लंबी छुट्टी का असर: हिमाचल से उत्तराखंड तक महाजाम, होटलों और पार्किंग में फुल

पहाड़ी मार्गों पर वाहनों की भारी भीड़

तीन दिन का अवकाश मिलने के बाद दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के आसपास रहने वाले लोगों ने पहाड़ों की ओर यात्रा करने का निर्णय लिया। इस बड़े पैमाने पर हुए पलायन के कारण हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के प्रमुख राजमार्गों पर भारी वाहनों का दबाव अचानक बढ़ गया है। सड़कों पर गाड़ियों की लंबी कतारें लग जाने के कारण आम जनता और पर्यटकों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय पुलिस और यातायात विभाग के कर्मियों को यातायात को नियंत्रित करने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है। प्रमुख चौराहों और पहाड़ी ढलानों पर वाहनों की गति बेहद धीमी हो चुकी है जिससे कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया है। सैलानियों के लगातार आ रहे जत्थों के कारण स्थिति पर काबू पाना स्थानीय प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया है। इस दौरान सफर करने वाले यात्रियों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में सामान्य से कई गुना अधिक समय लग रहा है।

होटल और पार्किंग में जगह का संकट

पर्यटन स्थलों पर अचानक उमड़ी इस बेतहाशा भीड़ का सीधा असर आवास और वाहन खड़ा करने की व्यवस्था पर पड़ा है। उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के लोकप्रिय पर्यटन नगरों में स्थित सभी होटल पूरी तरह बुक हो चुके हैं। कमरों की अनुपलब्धता के कारण नए आने वाले पर्यटकों को ठहरने के लिए दर-दर भटकना पड़ रहा है और कई लोगों को अपनी गाड़ियां सड़क किनारे ही खड़ी करनी पड़ रही हैं। इसके अलावा वाहनों की संख्या इतनी अधिक हो गई है कि स्थानीय निकायों द्वारा बनाए गए पार्किंग स्थल भी पूरी तरह भर चुके हैं। पार्किंग की जगह न मिलने के कारण मुख्य मार्गों पर ही गाड़ियां खड़ी हो रही हैं जिससे जाम की समस्या और अधिक विकट हो गई है। होटल व्यवसायियों के लिए यह सीजन काफी लाभप्रद साबित हो रहा है लेकिन व्यवस्थाओं के चरमराने से पर्यटकों में निराशा का माहौल भी देखने को मिल रहा है। प्रशासन लगातार पर्यटकों से संयम बरतने और यातायात नियमों का पालन करने की अपील कर रहा है ताकि व्यवस्था को सुचारू रखा जा सके।

लंबी छुट्टियों के पर्यटन की कार्यप्रणाली

भारत में जब भी लगातार तीन या उससे अधिक दिनों की छुट्टियां आती हैं तो मैदानी इलाकों के लोग पर्वतीय क्षेत्रों की तरफ रुख करते हैं। इस प्रकार के पर्यटन रुझान से पर्वतीय राज्यों की आर्थिकी को तो बड़ा सहारा मिलता है लेकिन स्थानीय बुनियादी ढांचे पर भारी दबाव आ जाता है। उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश जैसे राज्यों में पर्यटन सीजन के दौरान सड़क मार्ग, पेयजल, स्वच्छता और बिजली जैसी बुनियादी सुविधाएं अक्सर चरमरा जाती हैं। इस तरह की घटनाओं से यह स्पष्ट होता है कि देश के पर्यटन स्थलों पर बढ़ती भीड़ के प्रबंधन के लिए दीर्घकालिक और मजबूत रणनीतिक योजना की आवश्यकता है। भविष्य में इस प्रकार की समस्याओं से निपटने के लिए प्रशासन को अतिरिक्त पार्किंग स्थलों के निर्माण और वैकल्पिक मार्गों के विकास पर जोर देना चाहिए। वर्तमान स्थिति इस बात का प्रमाण है कि छुट्टियों के दौरान यात्रा करने से पहले पर्यटकों को अपनी अग्रिम बुकिंग और मार्ग की स्थिति की पूरी जानकारी अवश्य जुटा लेनी चाहिए ताकि किसी भी प्रकार की असुविधा से बचा जा सके।

कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज