कंटाप
NEWS
शुक्रवार, 28 अगस्त 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
नेपाल में बाढ़ : चीन पर उठ रहे सवालों पर क्या कह रहा है अंतरराष्ट्रीय मीडिया      भारत ने दो बार बुलाया, तारिक रहमान नहीं आए; विवाद के बावजूद बालेन शाह ने दिल्ली क्यों चुनी?      उत्तराखंड पर मंडराया खतरा, ग्लेशियरों के पिघलने से उच्च हिमालयी क्षेत्र में बनीं 77 नई झीलें      Raksha Bandhan 2026 Wishes: बड़े भाई से छोटे भाई तक, हर रिश्ते के लिए भेजें ये खास मैसेज, दिल में घुल जाएगा...      सोनिया गांधी पर किताब प्रकाशित नहीं करेगा पेंगुइन इंडिया, संपादकीय बदलाव से लेखिका का इनकार      Raksha Bandhan 2026: आज पूरे दिन पंचक, सुबह का मुहूर्त निकला, दोपहर में कब बांधें राखी?      अभिजीत दीपके ने अरविंद केजरीवाल को पछाड़ दिया! सर्वे में CJP चीफ ने चौंकाया      भारत खरीदेगा दुनिया का सबसे खतरनाक एंटी-टैंक मिसाइल सिस्टम 'जैवलिन', क्यों खास है ये अमेरिकी हथियार     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹ | SILVER (10g) ₹ | USD/INR ₹ | CRUDE OIL $ | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
स्वास्थ्य ब्रेकिंग

मासूमों की मौत: आदिवासी गांवों में 40 दिन में 8 बच्चों की जान गई, 372 बीमार और 100 अस्पताल में भर्ती

देश के आदिवासी इलाकों से एक अत्यंत चिंताजनक मामला सामने आया है, जहाँ महज चालीस दिनों के भीतर आठ बच्चों की जान चली गई है और सैकड़ों लोग गंभीर रूप से बीमार हैं।

X
Kantap News डेस्क
14 अग 2026, 16:53
मासूमों की मौत: आदिवासी गांवों में 40 दिन में 8 बच्चों की जान गई, 372 बीमार और 100 अस्पताल में भर्ती
मध्य प्रदेश और आसपास के दूरदराज आदिवासी अंचलों में स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर एक बार फिर बड़ा संकट खड़ा हो गया है। हाल ही में सामने आई रिपोर्ट के अनुसार, पिछले 40 दिनों के अल्प समय में कुल 8 मासूम बच्चों की असामयिक मौत हो चुकी है। इस भयावह स्थिति के कारण स्थानीय निवासियों में भारी दहशत और आक्रोश का माहौल बना हुआ है, जबकि स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवालिया निशान लग गए हैं।

सैकड़ों लोग गंभीर रूप से बीमार

आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक, इस प्रकोप की चपेट में आकर कुल 372 लोगों की तबीयत अत्यधिक बिगड़ चुकी है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए अब तक लगभग 100 से अधिक मरीजों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज जारी है। कई प्रभावित गांवों में चिकित्सा दलों को तैनात किया गया है ताकि बीमारी के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके और संक्रमण को और अधिक फैलने से रोका जा सके।

स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन की कार्रवाई

प्रशासन ने इस गंभीर मामले का संज्ञान लेते हुए प्रभावित क्षेत्रों में चिकित्सीय शिविर लगाना शुरू कर दिया है। डॉक्टरों की विशेष टीमें गांवों में घर-घर जाकर लोगों के स्वास्थ्य की जांच कर रही हैं और आवश्यक दवाइयां वितरित कर रही हैं। हालांकि, इतनी बड़ी संख्या में बच्चों की मौत और लोगों के बीमार पड़ने के पीछे दूषित पानी, खानपान या किसी मौसमी बीमारी की आशंका जताई जा रही है, जिसकी जांच अभी पूरी तरह से स्पष्ट नहीं हो पाई है।
कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज