कंटाप
NEWS
गुरुवार, 22 अक्तूबर 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
मुझे गालियां पड़ेंगी, लेकिन...; योगेंद्र यादव ने कहा- अभी मोदी का इस्तीफा नहीं चाहते लोग      फ़्रांस के राष्ट्रपति विदेशी नेताओं पर भड़के, 'इस्लामी और प्रवासी भीड़' के आरोप पर दिया जवाब      Tiger Shroff Attack Case में बड़ा खुलासा, वारदात से पहले शूटरों ने की थी बंदूक चलाने की प्रैक्टिस, हुआ था म      'मार्को रुबियो को तब तक भारत का दोस्त नहीं माना जाएगा..', एस जयशंकर का एक बयान और गूंजने लगे ठहाके      अमित शाह के ‘चिट्टा रावण’ दहन ने 2016 की यादें की ताजा, जब रवनीत बिट्टू की लीडरशिप में कांग्रेस ने BJP-SAD सरकार के खिलाफ बनाया था माहौल      'जापान के मोगामी युद्धपोत में ब्रह्मोस लगाया तो भारत के पास होगी अजेय ताकत', जापानी रिपोर्ट में दावा, मुश्किल क्यों?      PM बोले-कुछ लोग विदेशों में भारत को बदनाम कर रहे: कांग्रेस कब तक अपने फेल प्रोडक्ट की लॉन्चिंग के लिए देश क...      नेतन्याहू ने पीएम मोदी से की फोन पर बात, स्वतंत्रता दिवस समारोह के लिए दिया विशेष निमंत्रण     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹— | SILVER (10g) ₹— | USD/INR ₹— | CRUDE OIL $— | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
राजनीति

वंदे मातरम् पर सियासत नहीं, जनता के असल मुद्दों पर हो ध्यान: मायावती

बसपा सुप्रीमो ने कहा- बेरोजगारी, युवाओं की चिंता और बाढ़ जैसे गंभीर मुद्दों पर सरकारों को देना चाहिए प्राथमिकता

A
Administrator
21 अग 2026, 12:20
वंदे मातरम् पर सियासत नहीं, जनता के असल मुद्दों पर हो ध्यान: मायावती

Lucknow Desk : वंदे मातरम् के गायन को लेकर देश में चल रही राजनीतिक बहस के बीच बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि वंदे मातरम् को लेकर इस समय जिस तरह की राजनीति हो रही है, वह ठीक नहीं है। मायावती ने इस मुद्दे को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लगातार तीन पोस्ट कर अपनी बात रखी। मायावती ने कहा कि वंदे मातरम् पूरा गाया जाए, इसके शुरुआती दो छंद गाए जाएं या इसे नहीं गाया जाए, इसको लेकर राजनीति करना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी का इस मामले में स्पष्ट मत है और संसद में हाल ही में इससे संबंधित कानून पारित होना भी कोई पहली घटना नहीं है।

बसपा प्रमुख ने अपने दूसरे पोस्ट में कहा कि केंद्र और राज्यों में सत्ता बदलने के बाद राजनीतिक दल अक्सर अपने राजनीतिक हितों के अनुसार पहले से बने कानूनों में बदलाव करते हैं। उनके मुताबिक कई बार ऐसा जनता का ध्यान सरकारों की कमियों और दूसरे जरूरी मुद्दों से हटाने के लिए भी किया जाता है। मायावती ने कहा कि मौजूदा समय में देश के सामने कई गंभीर समस्याएं हैं, जिन पर सरकारों और राजनीतिक दलों को ध्यान देना चाहिए। उन्होंने खास तौर पर बेरोजगार युवाओं और छात्रों की समस्याओं का जिक्र किया। साथ ही उन्होंने जेन-जी और स्कूली बच्चों यानी जेन-अल्फा से जुड़े मुद्दों को भी महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने देश के कुछ हिस्सों में आई गंभीर बाढ़ का भी जिक्र किया।

मायावती के अनुसार बाढ़ के कारण कई जगहों पर लोगों की जान-माल का नुकसान हो रहा है और ऐसे समय में राहत एवं बचाव कार्य तथा प्रभावित लोगों की मदद प्राथमिकता होनी चाहिए। मायावती ने केंद्र और सभी राज्य सरकारों के साथ-साथ राजनीतिक दलों से भी अपील की कि वे देश और जनता से जुड़े वास्तविक मुद्दों पर गंभीरता से ध्यान दें। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में बेरोजगारी, युवाओं और छात्रों की समस्याओं तथा प्राकृतिक आपदा जैसे विषयों पर काम करना ही जनहित में सबसे जरूरी है। उनके बयान को ऐसे समय में महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जब वंदे मातरम् के गायन को लेकर राजनीतिक स्तर पर चर्चा तेज है। मायावती ने साफ संकेत दिया कि राजनीतिक दलों को ऐसे मुद्दों के बजाय आम लोगों की रोजमर्रा की परेशानियों और देश के सामने मौजूद गंभीर चुनौतियों पर ज्यादा ध्यान देना चाहिए।

कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज